राजधानी दिल्ली में अपराध का ग्राफ बजाय कम होने के तेजी से बढ़ता जा रहा है। चोरी, हत्या, लूटपाट जैसे अपराधों में लगातार बढ़ोतरी हो रही है। ज्यादातर वारदातों में हथियारों का इस्तेमाल किया गया। यही वजह है कि वर्ष 2019 में पुलिस ने अब तक हथियारों की सबसे ज्यादा बरामदगी की और तीन हजार से अधिक लोगों को गिरफ्तार किया।
पिछले साल जहां 1540 केस दर्ज कर 1901 लोगों को गिरफ्तार किया गया। वहीं, वर्ष 2019 में यह आंकड़ा 2700 केस और 3163 लोगों को गिरफ्तार करने तक पहुंच गया। पुलिस ने फायर आर्म्स (पिस्टल व तमंचे) भी पिछले साल 1905 के मुकाबले इस बार 2399 बरामद किए। 2019 का यह आंकड़ा महज 10 माह यानी 31 अक्तूबर तक है।
वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि हथियारों के इस्तेमाल की वजह से ही 2019 में हत्या के आंकड़े बढ़े हैं। 2018 में 415 लोगों की हत्या हुई, जबकि 2019 में यह आंकड़ा बढ़कर 446 तक पहुंच गया। यानी, राजधानी में बदमाश औसतन दो दिन में तीन लोगों की हत्या कर रहे हैं। वहीं, फिरौती के लिए अपहरण के मामले 13 पहुंच गए हैं।
इस साल हत्या के प्रयास के मामले भी 417 तक पहुंच गए। इस साल अवैध हथियारों के साथ 8822 कारतूस भी बरामद किए गए। राजधानी में दर्ज कुल अपराधों की बात की जाए तो वह 2018 में 203500 के मुकाबले बढ़कर 2019 में 251518 तक पहुंच गए हैं।