अदालत ने एयरलाइन करार घूस मामले में मनी लांड्रिंग के आरोपी दीपक तलवार की पत्नी दीपा तलवार की गिरफ्तारी पर 29 अप्रैल तक रोक लगा दी है। अदालत ने दीप को दो सप्ताह के भीतर जांच में शामिल होने का आदेश दिया है। प्रवर्तन निदेशालय ने दीपा तलवार व उसके बेटे का गैर जमानती वारंट जारी करवाने के लिए आवेदन दायर किया था।
राउज एवेन्यू अदालत की विशेष न्यायाधीश एसएस मान ने दीपा तलवार की अग्रिम जमानत याचिका पर अधिवक्ता तनवीर अहमद मीर ने कहा दीपा तलवार विदेश में है और उसे जांच में शामिल होने के लिए तीन सप्ताह का समय दिया जाए।
अदालत ने इससे इंकार करते हुए दीपा तलवार को दो सप्ताह के भीतर विदेश से आकर जांच में शामिल होने का निर्देश दिया है। अदालत ने ईडी को निर्देश दिया है कि अगर दीपा तलवार के खिलाफ एलओसी खुली हुई है तो एजेंसी यह देखे कि उसे एयरपोर्ट पर गिरफ्तार न किया जाए।
वहीं दूसरी ओर दीपक तलवार के बेटे आदित्य तलवार के गैर जमानती वारंट के आवेदन पर तनवीर अहमद ने कहा कि उसे दीपक तलवार के खिलाफ पेश आरोप पत्र में शामिल किया गया है। इसलिए वह आरोप पत्र पर अदालत के निर्णय के बाद एजेंसी के ओवदन पर अपना जवाब देंगे।
अदालत के पूछने पर एजेंसी के विशेष अधिवक्ता डीपी सिंह ने बताया कि आदित्य तलवार को आरोप पत्र में आरोपी बनाया गया है। अदालत ने इसके बाद कहा कि आरोप पत्र का अध्ययन करने के बाद इस पर आगे सुनवाई की जाएगी। अदालत ने आदित्य तलवार के मामले में सुनवाई के लिए 15 अप्रैल की तारीख तय की है। ईडी ने 30 मार्च को दीपक तलवार के खिलाफ आरोप पत्र दाखिल किया था।
एजेंसी का आरोप है कि तलवार ने इंडियन एयरलाइन के फायदे वाले रूट पर विदेशी एयरलाइन की उड़ानों का करार करवाया था और इसके लिए उसके प्रत्यक्ष व अप्रत्यक्ष नियंत्रण वाली कंसलटेंसी फर्म को अप्रैल 2008 से फरवरी 2009 के बीच कतार एयरवेज, एयर एमीरात व एयर अरबिया से छह करोड़ डॉलर से ज्यादा की घूस मिली थी।