इस अवसर पर बायोटेक के अधिकारियों के साथ ही शासकीय व निजी अस्पतालों के चिकित्सक व स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी भी मौजूद रहे। भूरेलाल ने जिले के विभिन्न शासकीय व निजी अस्पतालों से निकलने वाले बायो मेडिकल वेस्ट के उचित निस्तारण को लेकर मौके पर मौजूद चिकित्सकों से विस्तृत पूछताछ की।
इस दौरान उन्होंने चिकित्सकों को कोरोनावायरस के खतरे के प्रति आगाह करते हुए बायो मेडिकल वेस्ट के उचित निस्तारण का निर्देश दिया और कहा कि ईपीसीए व राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के दिशा निर्देशों के मुताबिक बायो मेडिकल वेस्ट का निस्तारण होना चाहिए।
ईपीसीए की टीम ने मेदांता मेडिसिटी अस्पताल का दौरा कर वहां के बायो मेडिकल वेस्ट निस्तारण केंद्र का भी निरीक्षण किया। इस अवसर पर सेंटर फॉर साइंस एंड एनवायरमेंट की सदस्य सुनीता नारायण भी मौजूद रहीं।
उल्लेखनीय है कि 1 माह पूर्व हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने जिले के 500 से ज्यादा निजी व शासकीय अस्पतालों को नोटिस जारी कर बायो मेडिकल वेस्ट का उचित निस्तारण करने व इस संदर्भ में एचएसपीसीबी से अनापत्ति प्रमाणपत्र करने का निर्देश दिया था।