फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

दिल्ली में कोरोना वायरस की दोगुना रफ्तार में अब तक नहीं लगी रोक

Thu, 25 Jun 2020 03:01 PM IST
विक्रांत चतुर्वेदी परीक्षित निर्भय, नई दिल्ली

सार

  • औसतन 13 से 14वें दिन दिल्ली में कोरोना मरीजों की संख्या हो रही है दोगुना
  • दिल्ली में पहले 100 मरीज 30 दिन में मिले थे जबकि इसके बाद 900 मरीज 11 दिन में मिले
विज्ञापन
सैंपल लेता स्वास्थ्यकर्मी - फोटो : पीटीआई
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

देश में कोरोना वायरस को लेकर करीब पांच महीने पूरे होने जा रहे हैं। इस बीच 10 सप्ताह तक चले लॉकडाउन और फिर देश अनलॉक की ओर बढ़ा है लेकिन देश की राजधानी दिल्ली में कोरोना वायरस के रुझान (गणितीय मॉडल) में कोई खास बदलाव देखने को नहीं मिला है। यहां कोरोना वायरस की दोगुना रफ्तार को रोकने में अब तक कामयाबी नहीं मिल सकी है। 

विज्ञापन


स्वास्थ्य विभाग से मिले आंकड़ों के अनुसार दिल्ली में पहला मरीज 2 मार्च को सामने आया था। इसके बाद पहले 100 मरीज 30 दिन में मिले थे लेकिन इसके बाद महज 11 दिन में ही 900 मरीज सामने आए थे। दिल्ली में शुरूआत से लेकर अब तक औसतन 13 से 14वें दिन के बीच कोरोना वायरस से संक्रमित मरीजों की संख्या दोगुना हो रही है।

इतना ही नहीं विभागीय सूत्रों का कहना है कि दिल्ली में करीब 50 हजार से ज्यादा संक्रमित मरीजों के संक्रमण का स्त्रोत पता नहीं है। इसकी वजह से निगरानी प्रभावित हो रही है। हालांकि अभी भी दिल्ली के ज्यादात्तर इलाके ऐसे हैं जहां कोरोना वायरस का बहुत बड़े स्तर पर फैलाव नहीं दिखाई दे रहा है। 
विज्ञापन


संक्रमण की इसी गति को लेकर केंद्रीय स्तर पर तैनात टीमें भी लगातार प्रयासों में जुटी हैं। स्वास्थ्य मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी बताते हैं कि दिल्ली में स्थिति काफी अलग है। संक्रमण का स्तर काफी तेजी से आगे बढ़ा है। ऐसे में अभी किए जा रहे प्रयासों का परिणाम सामने आने में कुछ समय लग सकता है। हालांकि उन्होंने दोगुना दर में बदलाव न होने पर सहमति भी जताई है। 

वहीं सफदरजंग अस्पताल के सामुदायिक चिकित्सा विभागाध्यक्ष डॉ. जुगल किशोर का कहना है कि किसी भी तरह के संक्रमण की गति या फैलाव को समझने के लिए दोगुना दर (डबलिंग रेट) को समझना बेहद आवश्यक है। इन्हीं गणितीय मॉडल के आधार पर यह तय किया जाता है कि अब तक के प्रयास जमीनी स्तर पर कितने असरदार रहे हैं? उन्होंने कहा कि फिलहाल की स्थिति यही इशारा कर रही है कि देश की राजधानी में संक्रमण के फैलाव को रोकने की दिशा में अभी बहुत कार्य होना बाकी है। 

दिल्ली के कुछ इलाकों में ज्यादा फैलाव : एनसीडीसी
नेशनल सेंटर फॉर डिजीज कंट्रोल (एनसीडीसी) के एक वरिष्ठ अधिकारी का कहना है कि गणितीय मॉडल जैसे-संक्रमण दर, दोगुना दर, ग्रोथ, पॉजिटिविटी इत्यादि की समीक्षा करने से स्पष्ट है कि दिल्ली के कुछ इलाकों में फैलाव ज्यादा हो सकता है। इसी को जानने के लिए पिछले दिनों एंटीबॉडी सीरो सर्वे की योजना बनाई गई, जिस पर फिलहाल काम शुरू होने वाला है। 
विज्ञापन


ऐसे समझें दिल्ली में अब तक की स्थिति 
मरीज        दिन 
पहला       पहला
100        30 
1000      11
2000     8
4000     13
8000     12
16000    14
32000    13
64000    13
(दिल्ली में पहला मरीज 2 मार्च को मिला था।)

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें