फरीदाबाद में पंडित जवाहर लाल नेहरू राजकीय कॉलेज में बीकॉम प्रथम सेमेस्टर के आधी कक्षा का परीक्षा परिणाम महर्षि दयानंद यूनिवर्सिटी की ओर से रोके जाने के मामले ने तूल पकड़ लिया है। जिसके विरोध में मंगलवार को कॉलेज गेट पर विद्यार्थियों ने जमकर हंगामा किया। उन्होंने कॉलेज प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की।
प्रदर्शन का नेतृत्व अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के जिला महामंत्री अजय डागर ने किया। उन्होंने कॉलेज प्रशासन को आड़े हाथ लेते हुए कहा कि यही लापरवाही के कारण उनका परिणाम नहीं आया। लेकिन कॉलेज प्रशासन अपनी गलती मानने को तैयार नहीं है। विरोध के बावजूद कॉलेज प्रशासन जबरन एक हजार रुपए हर विद्यार्थी से मांग रहा है। जिसको नोटिस बोर्ड पर भी मंगलवार को चस्पा कर दिया गया। इस कारण विद्यार्थी आंदोलन पर उतरने को मजबूर हो गए हैं।
दिव्या चौहान, ब्रहम सिंह, कुलदीप, साकिर, प्रभात, प्रेरणा, दिव्या कौशिक, दीपा, विशाल, उमेश, मिथलेश, नाहर सिंह, अरकेश, राहुल और सतीश ने बताया कि कालेज प्रशासन को 10वीं व 12वीं कक्षा से संबंधित सभी दस्तावेज जमा कराए गए थे। लेकिन उनके दस्तावेज विश्वविद्यालय में जमा नहीं कराए गए। जिसके कारण विश्वविद्यालय ने उनका परीक्षा परिणाम रोक दिया है। 80 विद्यार्थियों में से 40 का परिणाम नहीं आया है।
नेट पर नंबरों को देखने के लिए जैसे ही रोल नंबर डाला जाता है। उधर से रिजल्ट लेट इलिजबिल्टी (आरएलई) लिखकर आ रहा है। विद्यार्थियों की समस्या का निदान करने की बजाए अब कॉलेज प्रशासन उल्टे एक हजार रुपये वसूलने में जुटा है।
ऐसे में विद्यार्थी किसी और की गलती पर दंड क्यों भुगतेंगे। कॉलेज की प्रधानाचार्या डॉ. संतोष कुमारी ने बताया कि वह चंडीगढ़ में हैं, आने के बाद ही इस मामले पर कुछ बता पाएंगी।