सोमवार को मेट्रो मंडे के जरिये मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता और उनकी पूरी कैबिनेट ने जनता को ईंधन बचाने का संदेश दिया। मेरा भारत, मेरा योगदान अभियान के तहत मुख्यमंत्री समेत मंत्रियों और कई वरिष्ठ अधिकारियों ने मेट्रो, डीटीसी बस और फीडर सेवाओं का इस्तेमाल कर दफ्तर पहुंचकर लोगों से भी हफ्ते में कम से कम एक दिन पब्लिक ट्रांसपोर्ट अपनाने की अपील की।
मुख्यमंत्री ने सोमवार सुबह अपने आवास से लोक निवास तक पैदल पहुंचकर दिन की शुरुआत की। यहां उपराज्यपाल सरदार तरनजीत सिंह संधू की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में शामिल होने के बाद मुख्यमंत्री ईवी कार से कश्मीरी गेट मेट्रो स्टेशन पहुंचीं। वहां से उन्होंने आईटीओ तक मेट्रो से सफर किया और फिर सचिवालय तक जाने के लिए फीडर बस सेवा का इस्तेमाल किया। इस दौरान कैबिनेट मंत्री प्रवेश साहिब सिंह और रविन्द्र इंद्राज भी उनके साथ मौजूद रहे।
मेट्रो में ही सीएम ने देखी फाइलें
मेट्रो में सफर के दौरान मुख्यमंत्री ने अधिकारियों के साथ फाइलें भी देखीं। अधिकारियों से कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर बात की। युवाओं से भी मेट्रो से सफर पर चर्चा की। लोगों से सरकार की इस मुहिम के साथ जुड़ने की अपील की।
मंत्रियों ने भी मेट्रो का उपयोग किया
मंत्री मंजिंदर सिंह सिरसा मोती नगर से इंद्रप्रस्थ मेट्रो स्टेशन तक मेट्रो से पहुंचे। कला एवं संस्कृति मंत्री कपिल मिश्रा ने भी मेट्रो और फीडर बस से सचिवालय तक सफर किया। वहीं शिक्षा मंत्री आशीष सूद लोक निवास कार्यक्रम के बाद ई-रिक्शा से सिविल लाइन मेट्रो स्टेशन पहुंचे और वहां से मेट्रो के जरिए आईटीओ पहुंचे। बाद में उन्होंने फीडर बस से सचिवालय तक का सफर तय किया।
सरकार नहीं सबका है अभियान
मुख्यमंत्री ने कहा कि मेरा भारत, मेरा योगदान केवल सरकारी कार्यक्रम नहीं, बल्कि जनभागीदारी का अभियान है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देशवासियों से ईंधन बचत, सार्वजनिक परिवहन के उपयोग और जिम्मेदार जीवनशैली अपनाने की जो अपील की है, दिल्ली सरकार उसे जन आंदोलन का रूप दे रही है। मेट्रो मंडे का मकसद लोगों को सप्ताह में कम से कम एक दिन निजी वाहन छोड़कर सार्वजनिक परिवहन इस्तेमाल करने के लिए प्रेरित करना है। इससे ईंधन की बचत होगी, ट्रैफिक कम होगा और प्रदूषण पर भी असर पड़ेगा।
सीएम खुद से उठा रहीं सभी कदम
मुख्यमंत्री ने बताया कि सरकार खुद भी कई कदम उठा रही है। इनमें सप्ताह में दो दिन वर्क फ्रॉम होम, सरकारी वाहनों के उपयोग में कमी, ऑनलाइन बैठकों को बढ़ावा और सार्वजनिक परिवहन के ज्यादा इस्तेमाल जैसी पहल शामिल हैं। दिल्ली सरकार राजधानी में लास्ट माइल कनेक्टिविटी मजबूत करने और सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को और बेहतर बनाने पर लगातार काम कर रही है, ताकि लोगों को सुविधा के साथ बेहतर विकल्प मिल सकें।
'दिल्ली के लिए इसके सचमुच शानदार नतीजे सामने आएंगे'
दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा, 'मैं सभी नागरिकों से अपील करती हूं कि वे ज्यादा से ज्यादा सार्वजनिक परिवहन का इस्तेमाल करें। इससे न सिर्फ देश के ईंधन संसाधनों की बचत होगी बल्कि यह हमारे शहर दिल्ली के लिए भी बेहद जरूरी है। दिल्ली में बढ़ते प्रदूषण और ट्रैफिक जाम की समस्याओं को देखते हुए, अगर हम सभी- भले ही छोटे पैमाने पर ही सही- अपनी रोजमर्रा की जिंदगी में मेट्रो, सार्वजनिक परिवहन और बसों को शामिल करना शुरू कर दें, तो यह हम सभी के लिए बहुत फायदेमंद साबित होगा। हम 'लास्ट-माइल कनेक्टिविटी' को बेहतर बनाने के लिए बड़े पैमाने पर काम कर रहे हैं; अगर हर व्यक्ति इस कोशिश में थोड़ा सा भी योगदान दे, तो दिल्ली शहर के लिए इसके सचमुच शानदार नतीजे सामने आएंगे।'
हम सभी को मिलकर लड़ाई लड़नी है: मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा
दिल्ली सरकार में मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा ने सार्वजनिक परिवहन और ईंधन संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अपील के बाद ‘मेरा भारत, मेरा योगदान’ और ‘मेट्रो मंडे’ अभियान पर कहा, "मैं राजौरी गार्डन से यहां मेट्रो से आया हूं। प्रधानमंत्री मोदी ने जनता से आह्वान और मुख्यमंत्री ने सभी से मेट्रो मंडे के नाम का आग्रह किया था। हम सभी को मिलकर लड़ाई लड़नी है। हम सभी को मिलकर इस पहल पर काम करना चाहिए।'
मैं दो दिन वर्क फ्रॉम होम करूंगा: मंत्री आशीष सूद
दिल्ली सरकार में मंत्री आशीष सूद ने कहा, 'प्रधानमंत्री मोदी ने देश की ऊर्जा संरक्षण का आह्वान किया है। इसे सफल बनाना हमारी राष्ट्रीय जिम्मेदारी है। दिल्ली सरकार ने आज के दिन दिल्ली के लोगों से सार्वजनिक वाहन इस्तेमाल करने की अपील की है। मैं उसी का पालन कर रहा हूं। मैं दो दिन वर्क फ्रॉम होम करूंगा।'