चुनाव आयोग से मिली जानकारी का हवाला देते हुए केजरीवाल ने बताया कि बीते विधानसभा चुनाव के बाद से अब करीब 10 लाख नाम वोटर लिस्ट से काटे गए हैं। हालांकि, इस बीच 13 लाख नए वोट बने भी हैं।
केजरीवाल ने चुनाव आयोग से मांग की कि जिन लोगों के नाम मतदाता सूची से काटे गए हैं, उनके नामों की लिस्ट वेबसाइट पर डाली जाए। लिस्ट अपडेट न होने से अभी कोई यह पता भी नहीं कर सकता कि उनका नाम वोटर लिस्ट में है या नहीं। चुनाव आयोग ने उनकी मांग स्वीकार करते हुए कहा कि जल्द ही लिस्ट अपडेट कर दी जाएगी।
केजरीवाल की दूसरी मांग थी कि जिन अधिकारियों ने नियमों को ताक पर रखकर वोटर के नाम काटे हैं, उनके खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की जाए। इस पर चुनाव आयोग ने कहा कि सभी पार्टियों के प्रतिनिधियों की मौजूदगी में लाल कुआं और तुगलकाबाद इलाके की मतदाता सूची की जांच सैंपल के तौर पर होगी।
इसकी वीडियो रिकार्डिंग भी करायी जाएगी। अगर उसमें पाया जाता है कि जान-बूझकर कुछ अधिकारियों ने मौजूद लोगों के नाम काट दिए हैं तो उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी। इसके बाद पूरी दिल्ली में मतदाता सूची की दोबारा जांच होगी।
हालांकि, केजरीवाल की इस मांग को आयोग ने नहीं माना कि पूरी वोटर लिस्ट राजनीतिक दलों को मुहैया कराया जाए। केजरीवाल ने दिल्ली वालों से अपील की है कि सभी लोग आयोग की वेबसाइट पर जाकर पता कर लें कि उनका नाम वोटर लिस्ट में है या नहीं।