दक्षिण-पूर्व दिल्ली के कालकाजी स्थित दिल्ली नगर निगम के पार्क में शनिवार शाम खेलने के दौरान दो मासूमों को स्ट्रीट लाइट के लिए लगाए गए इलेक्ट्रिक पैनल से जोरदार करंट लग गया। हादसे में एक की मौत हो गई। जबकि झटका लगने से दूसरा दूर जा गिरा। बच्चे को बचाने गई महिला को भी करंट का झटका लगा। कालकाजी थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है। इस बात का पता लगाया जा रहा है कि पार्क की देखरेख का जिम्मा किसका था।
दक्षिण-पूर्व जिला पुलिस उपायुक्त रवि कुमार ने बताया कि आर्यमन अपने परिवार के साथ एल-1, ब्लॉक, डीडीए फ्लैट कालकाजी में रहता था। इसके परिवार में पिता रणदीप चौधरी, मां और एक बड़ा भाई है। आर्यमन जीके के एक नामी स्कूल में चौथी कक्षा में पढ़ता था। इसका बड़ा भाई उसी स्कूल में सातवीं कक्षा पढ़ता है।
शनिवार शाम आर्यमन घर के सामने दिल्ली नगर निगम के पार्क में दो दोस्तों के साथ खेलने गया था। पार्क में स्ट्रीट लाइट के लिए एक बिजली का पैनल लगा है। उसका दरवाजा खुला रहता है। आर्यमन की बॉल बिजली के पैनल और स्ट्रीट लाइट के बीच में चली गई।
आर्यमन बीच में जाकर बॉल निकालने लगा। इस बीच उसे बिजली के पैनल से जोरदार करंट लगा और वह वहीं गिर गया। दोस्त उसे बचाने गया तो उसे जोर का झटका लगा और वह दूर जा गिरा। पार्क में मौजूद तारा सिंह नामक महिला बच्चों को बचाने भागीं। उन्होंने आर्यमन को खींचने का प्रयास किया तो उनको भी झटका लगा।
लेकिन उन्होंने हिम्मत नहीं हारी और उसे खींच लिया। तारा दोनों बच्चों को लेकर अस्पताल गई। वहां आर्यमन को मृत घोषित कर दिया गया दूसरे मासूम को प्राथमिक उपचार के बाद छुट्टी दे दी गई। पिता बेटे का शव अपने पैतृक निवास शामली, यूपी लेकर चले गए। स्थानीय आरडब्ल्यूए अध्यक्ष जितेंद्र सिंह राठौर ने बताया, पार्क में बिजली का पैनल खुला हुआ था। कई बार प्रशासन से इसकी शिकायत दी गई।