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मरकज के अंदर-बाहर नहीं हैं सीसीटीवी कैमरे, हर कमरे पर लटका ताला

Tue, 07 Apr 2020 06:01 AM IST
दुष्यंत शर्मा पुरुषोत्तम वर्मा, नई दिल्ली
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निजामुद्दीन मरकज - फोटो : अमर उजाला
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निजामुद्दीन स्थित तब्लीगी मरकज के अंदरूनी राज शायद ही कभी सामने आए। क्योंकि, मौलानाओं ने पूरे मरकज परिसर में कहीं भी सीसीटीवी कैमरे नहीं लगवाएं हैं। अंदर तो क्या, बाहर भी कोई कैमरा नहीं है। ये खुलासा उस समय हुआ जब मामले की जांच कर रही अपराध शाखा की टीम ने रविवार को मरकज के अंदर घुसकर मुआयना किया। 

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अपराध शाखा के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि मरकज के अंदर किसी तरह की इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस नहीं मिली है। ऐसे में दिल्ली पुलिस के हाथ खाली है। उधर, पुलिस आयुक्त (सीपी) एसएन श्रीवास्तव ने सोमवार को केंद्रीय गृह सचिव अजय भल्ला से मुलाकात की और मरकज से जुड़े केस की पूरी जानकारी दी है। 

अहम सवाल ये हैं कि अंदर ऐसी कौन सी ट्रेनिंग दी जाती थी कि बाहरी दुनिया को उसकी खबर नहीं थी। वहीं, जब मरकज में हजारों लोग आते थे तो सीसीटीवी कैमरे क्यों नहीं लगवाए गए थे? मरकज में इतने लोग आते थे तो दिल्ली पुलिस व खुफिया एजेंसी क्या रही थीं? स्थानीय थाना पुलिस ने सीसीटीवी लगवाने के लिए क्यों नहीं कहा? दिल्ली पुलिस की अपराध शाखा ने अंदर जाकर मुआयना किया तो मरकज में दो बेसमेंट मिले हैं। 
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मरकज में ज्यादातर हॉल बने हुए हैं। जब अपराध शाखा की टीम अंदर गई तो हर कमरे या हॉल पर ताला लगा हुआ था। अपराध शाखा के एक अधिकारी ने बताया कि मरकज के अंदर से आठ से 10 रजिस्टर बरामद किए गए हैं। ये रजिस्टर काफी मोटे और पुराने हैं। इन रजिस्टर में हर आने वाले की एंट्री होती थी। विदेशियों के लिए अलग से रजिस्टर बना हुआ था। 

रजिस्टर में नाम, पता, मोबाइल नंबर और कितने दिन के लिए व्यक्ति आया है आदि की एंट्री की जाती थी। पुलिस ने इन मोबाइल नंबरों के आधार पर ये पता करने शुरू कर दिया है कि मरकज में जनवरी 2020 के बाद आए लोग इस समय भारत में कहां है। दिल्ली पुलिस ने रजिस्टर मिलने की जानकारी गृह मंत्रालय को दे दी है। 

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पूछा जाता था आने का मकसद

मरकज में आने वाले लोगों से उनके आने का मकसद भी पूछा जाता था। रजिस्टर में एक बाकायदा कॉलम बना हुआ है। इस कॉलम में पूछा जाता था कि वह मरकज में किस लिए आए हैं। हालांकि, ज्यादातर लोगों ने अपना मकसद जमात (धर्म का प्रचार) के लिए आना लिखा है।

जमातियों ने कमरे के बाहर किया शौच, केस दर्ज
नरेला में बनाए क्वारंटीन सेंटर में दो जमातियों ने अपने कमरे के बाहर शौच कर दिया। पुलिस ने बाराबंकी  निवासी दो जमाती मो. फहद और अदनान जहीर के खिलाफ मामला दर्ज किया है।  पुलिस के मुताबिक शनिवार रात हाउस कीपिंग स्टॉफ क्वारंटीन सेंटर की दूसरी मंजिल स्थित कमरा नंबर-212 के बाहर पहुंचा। एक कर्मचारी ने देखा कि कमरे के बाहर शौच की हुई थी। कमरा नंबर-212 में क्वारंटीन फहद और अदनान से पूछा गया तो वह बदसलूकी करने लगे। ब्यूरो

निजामुद्दीन में जमात को किसने दी जमघट की इजाजतः पवार 
एनसीपी प्रमुख शरद पवार ने सवाल उठाया है कि निजामुद्दीन में तब्लीगी जमात को धार्मिक आयोजन की इजाजत किसने दी। पवार ने फेसबुक पर कहा कि दिल्ली में ऐसे ही कार्यक्रम को क्यों नहीं रोका गया। उन्होंने निजामुद्दीन की घटना को बड़ा मुद्दा बनाने पर मीडिया को भी घेरा। 
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