-इसी बीच दिल्ली के उप मुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री प्रकाश जावड़ेकर को पत्र भी लिखा है। इस पत्र में सिसोदिया ने सुझाव दिया है कि पूरे देश के शिक्षा मंत्रियों का एक पूरे दिन का ब्रेन स्टॉर्मिंग सेशन होना चाहिए जिसमें हम अपनी परीक्षा प्रणाली को किस तरह मजबूत कर सकते हैं इस पर चर्चा हो। उन्होंने अपने पत्र में 26 लाख छात्रों के भविष्य को लेकर चिंता जताई है। यही नहीं उन्होंने लीक की वजह से हो रही सीबीएसई की किरकिरी पर भी चिंता जाहिर की है।
-वहीं आज चंदन गुप्ता नाम का एक शिकायतकर्ता भी सामने आया है। चंदन गुप्ता के मुताबिक, 'उसने 27 मार्च को रात 10 बजकर 40 मिनट पर पीसीआर को कॉल किया था कि उसे प्रश्नपत्र मिला है। यह कहां से आया इसका पता लगाना चाहिए। पुलिस ने उस दिन मुझसे सवाल किया था और अब आगे की जांच कर रही है।'
-जांच टीम ने पेपर लीक मामले में एक और बड़ा खुलासा किया है। पुलिस ने बताया है कि पेपर लीक व्हॉट्सऐप के दस अलग-अलग ग्रुप्स पर हुआ था। हर ग्रुप में 50 से 60 सदस्य हैं।
-इस मामले की जांच कर रही क्राइम ब्रांच की टीम ने गूगल से उस ई-मेल आईडी की जानकारी मांगी है, जिससे सीबीएसई की चेयरपर्सन अनीता करवाल को पेपर लीक के बारे में मेल मिला था। गौरतलब है कि अनीता करवाल को किसी ने एक जीमेल आईडी के जरिए मेल भेजा था। उसमें लीक प्रश्नपत्र की हाथों से लिखे पेपर की फोटो संलग्न थी।
-छात्रों के प्रदर्शन के चलते HRD मंत्री प्रकाश जावड़ेकर के घर की सुरक्षा बढ़ा दी गई है। उनके घर के आसपास धारा 144 लागू कर दी गई है।
-दिल्ली पुलिस की जांच में सीबीएसई की 10वीं की गणित व 12वीं की अर्थशास्त्र की परीक्षा लीक मामले में बड़ा खुलासा सामने आया है। दोनों ही पेपर एक दिन पहले ही लीक हो गए थे और छात्रों व ट्यूटर के वाट्सऐप पर थे। पुलिस अब तक 30 से भी ज्यादा लोगों से पूछताछ के अलावा दिल्ली और एनसीआर में करीब 10 से ज्यादा जगहों पर छापेमारी कर चुकी है। इनमें से अधिकतर पढ़ने वाले छात्र हैं या कोचिंग सेंटरों से संबंधित हैं। एक दर्जन से भी ज्यादा मोबाइल फोन भी जब्त किए गए हैं।