जुनैद और उसकी बीवी तीन-चार वर्ष साथ रहे थे और कोई बच्चा नहीं है। इसके बाद जुनैद सऊदी अरब चला गया था। उसने बताया कि अब्दुल सुभान कुरैशी उर्फ तौकीर ने नेपाल में शादी नहीं की थी। पुलिस अधिकारी मान रहे हैं कि जुनैद ने सुरक्षा एजेंसियों से बचने के लिए ही नेपाल में शादी की थी।
जुनैद ने पूछताछ में बताया कि आईएम के खत्म होने के बाद फिर से आतंकी संगठन खड़ा करने के लिए उसने यूपी को निशाने पर लिया था। वह आजमगढ़ समेत तीन-चार जगह गया और काफी लोगों से संपर्क किया।
जुनैद ने बताया कि नेपाल में वह कुरैशी के साथ घूमता था। कई बार वे अकेले भी घूमते थे। अब सुरक्षा एजेंसियां उन लोगों को रडार पर ले रही हैं, जिनसे जुनैद ने संपर्क साधा था।
राजधानी में वर्ष 2008 में हुए बम धमाकों में इस्तेमाल विस्फोटक फरीदाबाद के रास्ते लाया गया था। कर्नाटक से आतंकी ट्रेन से आए थे। दिल्ली में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी होने के कारण वे फरीदाबाद में उतर गए।
अहमदाबाद ब्लास्ट व 15 अगस्त के चलते उस समय दिल्ली में हाई अलर्ट था। मोड्यूल सरगना आतिफ अमीन इससे वाकिफ था। दिल्ली पुलिस के अधिकारियों के अनुसार, जुनैद ने पूछताछ में बताया कि उनके गिरोह के सादाब व सैफ विस्फोटक लेने कर्नाटक गए थे। वहां रियाज भटकल उर्फ रोशन खान ने विस्फोटक दिया था।
ट्रेन से आते समय दिल्ली में हाई अलर्ट के कारण आतिफ ने उन्हें फरीदाबाद में ही उतरने का निर्देश दिया। सैफ व सादाब फरीदाबाद में उतरे। यहां आतिफ व साजिद बाइक से पहुंचे।
आतिफ ने इनसे विस्फोटक ले लिया और दोनों को बस से जाने को कहा। आतिफ विस्फोटक बाइक पर दिल्ली लेकर आया। वे यहां से बदरपुर बॉर्डर, सारिता विहार व साईन बाग होकर एल-18 पहुंचे थे।