नई दिल्ली। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष देवेंद्र यादव ने दिल्ली स्टेट कैंसर इंस्टीट्यूट समेत 38 सरकारी अस्पतालों की स्वास्थ्य व्यवस्था पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि करोड़ों रुपये की मशीनें प्रशिक्षित कर्मचारियों की कमी के कारण अप्रैल 2022 से बंद हैं। 2017 में करीब 15.42 करोड़ से लगाई गईं मेडिकल साइक्लोट्रॉन और हाई-एंड मशीनें चल नहीं रहीं।
यादव ने कहा कि पहले यहां प्रतिदिन 1500 मरीज आते थे, अब घटकर 500 रह गए हैं। 40 प्रतिशत पद खाली हैं और 2018 से नियमित निदेशक नहीं है। कीमोथेरेपी वार्ड बंद हैं, मरीज पीईटी-सीटी स्कैन और दवाओं के लिए बाहर महंगा खर्च कर रहे हैं। ब्यूरो