फरीदाबाद के वाईएमसीए विश्वविद्यालय ने अनुसंधान गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए वैज्ञानिक व औद्योगिक अनुसंधान परिषद (सीएसआईआर) के केंद्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स इंजीनियरिंग अनुसंधान संस्थान, पिलानी के साथ इलेक्ट्रॉनिक्स इंजीनियरिंग, पारस्परिक हित के लिए समझौता किया है।
सीएसआईआर केंद्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स इंजीनियरिंग अनुसंधान संस्थान पिलानी के निदेशक डॉ शांतनु चौधरी, वाईएमसीए विश्वविद्यालय के कुलपति दिनेश कुमार ने एमओयू पर हस्ताक्षर किए।
कुलपति दिनेश कुमार ने कहा कि विश्वविद्यालय तकनीकी शिक्षा में उत्कृष्टता लाने के लिए पारस्परिक समझौतों के लिए निरंतर तैयार है। इलेक्ट्रॉनिक्स इंजीनियरिंग के विभागाध्यक्ष डॉ. मनीष वशिष्ठ ने कहा कि यह समझौता दोनों संस्थानों के विद्यार्थियों व संकाय सदस्यों को परस्पर काम करने के अवसर मिलेंगे।
उन्होंने बताया कि समझौते के अनुसार एप्लाइड फिजिक्स, इमेज प्रोसेसिंग, वीएलएसआई डिजाइन, तकनीकी, हाईस्पीड विजन सिस्टम, डिजिटल सिस्टम डिजाइंस, इंटरनेट आफ थिंग्स, वायरलेस कम्यूनिकेशंस, माइक्रोवेव इंजीनियरिंग, नैनो-टैक्नोलॉजी, पावर इलेक्ट्रॉनिक्स, माइक्रो इलेक्ट्रो मैकेनिकल सिस्टम, रेडियो फ्रीक्वेंसी माइक्रो इलेक्ट्रो मैकेनिकल के क्षेत्र में परस्पर अकादमिक सहयोग मिलेगा।
डॉ. मोतीलाल गुप्ता बने आजीवन सदस्य
फरीदाबाद। शहर के डॉ मोतीलाल गुप्ता को शिक्षा संस्कृति उत्थान न्यास की आजीवन सदस्यता प्रदान की गई। न्यास के महासचिव अतुल कोठारी, अन्य सदस्यों ने डॉ. मोतीलाल गुप्ता को आजीवन सदस्यता दी। न्यास का यह कार्यक्रम इलाहबाद मेडिकल कॉलेज में आयोजित हुआ। जहां पर उनको उल्लेखनीय कार्यो के लिए सम्मानित किया गया। न्यास की तीन दिवसीय गोष्ठी फरीदाबाद में 26 जनवरी 2018 को आयोजित की जाएगी।