डीयू के छात्रों की शिक्षकों की समस्या अब दूर होने जा रही है। दरअसल, देश की पहली डिजिटल लाइब्रेरी में उन्हें दुनिया भर के ज्ञान से सीधे रूबरू होने का मौका मिलेगा। यह बात मानव संसाधन विकास राज्यमंत्री उच्च शिक्षा डा. सत्यपाल सिंह ने लाइब्रेरी के उद्घाटन मौके पर छात्रों को संबोधित करते हुए कही।
डीयू के ग्वायर छात्रावास में देश की पहली पूर्णत: डिजिटल लाइब्रेरी बनाई गई है। डा. सत्यपाल सिंह ने इसे एक अनूठा कदम बताया। साथ ही लाइब्रेरी को बनाने का आइडिया देने वालों को बधाई देते हुए कहा कि अब हम किताबों की दुनिया से डिजिटल हो जाएंगे।
यह लाइब्रेरी शिक्षकों की कमी जैसी समस्या की भरपाई कर सकती है। छात्रों के लिये यह एक सस्ता विकल्प भी है।
एक करोड़ अतिरिक्त कोष जारी करने की घोषणा
वही, दिल्ली प्रदेश बीजेपी के अध्यक्ष व सांसद मनोज तिवारी ने डिजिटल लाइब्रेरी की स्थापना पर खुशी जताते हुए कहा कि दो साल पहले इस लाइब्रेरी के लिए आर्थिक सहायता जारी करते समय अंदाजा नहीं था कि यह इतनी बड़ी लाइब्रेरी होगी।
उन्होंने बताया कि इस लाइब्रेरी में पांच से दस लाख मुफ्त किताबों से छात्र लाभान्वित हो सकेंगे। लाइब्रेरी को अधिक आधुनिक बनाने के लिए उन्होंने एक करोड़ रुपये की अतिरिक्त कोष जारी करने की भी घोषणा की।