बारहवीं का परीक्षा परिणाम खराब आने के कारण जिला शिक्षा विभाग को दसवीं बोर्ड की चिंता सताने लगी है। इसी को देखते हुए सोमवार से विषय आधारित 10-10 शिक्षकों को अपने परीक्षा परिणाम की रिपोर्ट विभाग को देनी होगी। बताया जा रहा है कि सोमवार को इस पर बैठक भी हो सकती है।
विभाग द्वारा खराब परीक्षा परिणाम देने वाले शिक्षकों से इसकी वजह पूछी जाएगी। यदि शिक्षकों द्वारा अपने यहां पर संसाधनों की कमी से अवगत कराया जाता है, तो स्कूल प्रधानाचार्य से रिक्त पद एवं कमियों को लेकर लिखित में जवाब लिया जाएगा। इसके अलावा पिछले दो या तीन वर्ष से खराब परिणाम देने वाले शिक्षकों की सूची विभाग अपने स्तर पर तैयार करने में जुट गया है।
गत वर्ष भी पासिंग प्रतिशत 43.91 प्रतिशत रहने के बाद बृहस्पतिवार को जारी बोर्ड परिणाम में जिले का पासिंग प्रतिशत मात्र 47.86 प्रतिशत रहा। विभाग को प्रदेश शिक्षा विभाग से पूछे जाने वाले सवालों की चिंता सताने लगी है। लगातार दूसरी बार 21 वें पायदान पर रहने के कारण विभाग की परेशानियां बढ़ गई है। ऐसे में जिला शिक्षा विभाग द्वारा अपने स्तर पर समीक्षा रिपोर्ट तैयार की जा रही है।
परीक्षा परिणाम को लेकर विभाग स्तर पर समीक्षा की जा रही है। सोमवार से शिक्षकों से परीक्षा परिणाम की स्थिति जानी जाएगी। शिक्षकों को अपने परीक्षा परिणाम को लेकर उपस्थित होना होगा।
-डॉ मनोज कौशिक, जिला शिक्षा अधिकारी, फरीदाबाद