दिल्ली विश्वविद्यालय शिक्षक संघ चुनाव नतीजों में वामपंथी शिक्षक संगठन (डेमोक्रेटिक टीचर फ्रंट) ने इतिहास रच दिया है। संगठन के अध्यक्ष पद के उम्मीदवार ने लगातार चौथी बार जीत हासिल की है। डीटीएफ के उम्मीदवार राजीब रे 25वें डूटा चुनाव में 15वें अध्यक्ष चुन लिए गए हैं। बृहस्पतिवार आधी रात बाद आए चुनाव नतीजों में किरोड़ीमल कॉलेज में दर्शन शास्त्र के शिक्षक राजीब रे ने भाजपा समर्थक नेशनल डेमोक्रेटिक टीचर्स फ्रंट (एनडीटीएफ) के वीएस नेगी को 261 मतों से हराया। नेगी को 2375 मत मिले।
राजीब रे इससे पहले 2008 से 2012 तक दो बार डीयू एक्जीक्यूटिव काउंसिल के सदस्य भी रह चुके हैं। वह पांचवें ऐसे डूटा अध्यक्ष बने हैं जो डीयू में शिक्षक संबंधित सभी अहम पदों पर रहे हैं। उनसे पहले डूटा अध्यक्ष ओपी कोहली, एसएस राठी, विजेन्द्र शर्मा व आदित्य नारायण मिश्रा ऐसे पदों पर रह चुके हैं। राजीब रे से पहले डॉ नंदिता नारायण, वर्ष 2013, वर्ष 2015 में अध्यक्ष बनीं थीं। वर्ष 2011 में डीटीएफ के डॉ अमरदेव अध्यक्ष बने थे।
राजीब रे को एनडीटीएफ से कड़ी टक्कर मिली। चुनावों से पहले कयास लगाए जा रहे थे कि एनडीटीएफ के वी.एस नेगी यदि चुनाव जीतते हैं तो लगभग दो दशक बाद ऐसा होगा कि शिक्षक संघ पर उनकी वापसी होगी। वर्ष 2015 में वामपंथी उम्मीदवार नंदिता नारायण ने भी वी.एस नेगी को हराया था। इस साल के नतीजों में सुरिंदर सिंह राणा तीसरे स्थान पर रहे हैं। वह एकेडमिक फॉर एक्शन एंड डेवलपमेंट व यूटीएफ के संयुक्त उम्मीदवार थे। उन्हें महज 1930 मत मिले। चुनाव में कुल मत 9,682 थे जिसमें से 7,386 मत पड़े। 377 मत अवैध पाए गए। बीटीएफ के सुनील बाबू को 48 वोट मिले।
डूटा कार्यकारिणी का परिणाम भी घोषित
डूटा चुनाव में 15 सदस्यीय कार्यकारिणी के चुनाव परिणाम घोषित कर दिए गए। इसमें एएडी के चारों उम्मीदवारों आलोक रंजन पांडेय पूजा वशिष्ठ, प्रेम चंद, सुधांशु कुमार सभी ने चुनाव जीत लिया। वहीं, एनडीटीएफ के भी चारों उम्मीदवारों अनिल शर्मा, सुनील शर्मा, रुबी मिश्रा, अशोक कुमार यादव ने भी कार्यकारिणी में जगह बनाई। डीटीएफ के तीन उम्मीदवारों मिथुराज धुसिया, बिसवजीत मोहंती, व नजमा रहमानी ने जीत हासिल की है।
वहीं स्वतंत्र उम्मीदवार रविकांत ने भी जीत हासिल की है। इंटेक के दो उम्मीदवारों सुरेन्द्र कुमार, विश्वराज शर्मा ने सफलता पाई है। वहीं यूटीएफ के विवेक चौधरी भी कार्यकारिणी में पहुंच गए हैं। एनडीटीएफ के सुनील शर्मा को सर्वाधिक 7,649 मत मिले हैं। दूसरा स्थान पर डीटीएफ के मिथुराज धुसिया को 7559 मत मिले हैं।