दिल्ली का ऑड ईवन फॉर्मूला अब शहर के सरकारी स्कूलों में अपनाया जा रहा है। इन स्कूलों में शिक्षा की स्थिति सुधारने के लिए अधिकारियों द्वारा पहली बार इस फार्मूले के आधार पर कक्षाओं का निरीक्षण किया जाएगा।
माना जा रहा है कि इस फॉर्मूले के अनुरूप निरीक्षण से शिक्षा की नींव मजबूत होगी। बताया जा रहा है कि अधिकारी द्वारा 20 जनवरी को किए जाने वाले निरीक्षण में यह सम तरीका अपनाया जाएगा। दिसंबर में पहली बार विषम संख्या के आधार पर स्कूल की कक्षाओं का निरीक्षण किया गया था।
बताया जा रहा है कि यह पूरी तरह से एकेडमिक निरीक्षण है। इसमें विद्यार्थियों से पिछली कक्षाओं की पढ़ाई के बारे में पूछा जाएगा। वहीं सामान्य ज्ञान से जुड़ी जानकारी भी पूछी जाएगी। इसके लिए जिले के कुछ स्कूलों का चयन कर कार्रवाई की जा रही है। चयनित स्कूलों में संबंधित अधिकारी दिनभर रहकर निगरानी करेंगे।
यहां बच्चों के पढ़ाई के माहौल को भी देखा जाएगा। अधिकारियों द्वारा पाठ्यक्रम से संबंधित सवाल जवाब किए जाएंगे। इसके अलावा मिड डे मिल, साफ सफाई, पेयजल व्यवस्था समेत अन्य मूलभूत सुविधाओं का भी निरीक्षण किया जाएगा।
बदलाव से बदलेगी तस्वीर
पहले किए जा रहे निरीक्षण में संबंधित अधिकारी आधे से एक घंटे ही स्कूल में रह पाता था। जिससे वह स्कूल की पूर्ण स्थिति से अवगत नहीं हो पाता था। अब अधिकारी के दिनभर रहने से स्कूल की दिनचर्या पर पूरी निगरानी रहेगी।
पहली बार ऑड ईवन फॉर्मूले के आधार पर स्कूलों का निरीक्षण किया जा रहा है। इस बार कक्षा 2, 4, 6 एवं 8 का निरीक्षण किया जाएगा। इससेे शिक्षा व्यवस्था में सुधार होगा। अधिकारी दिनभर स्कूलों में रहेंगे, यह बहुत अच्छा है।-चतर सिंह, प्रधान, प्राथमिक शिक्षक संघ
20 जनवरी को चयनित स्कूलों का निरीक्षण होना है। अधिकारी दिनभर स्कूल में रहकर व्यवस्था को देखेंगे। दिनभर रहने से स्कूल की हर गतिविधि पर नजर रहेगी।-सतेंद्र कौर, मौलिक शिक्षा अधिकारी, फरीदाबाद