गुड़गांव जैसे शहर में नौकरियों व रोजगार की कमी नहीं है, लेकिन कई बार ऐसा होता है कि नियोक्ता को उसकी जरूरत के हिसाब से कुशल व्यक्ति नहीं मिल पाते।
ऐसे में नगर निगम के कौशल विकास केंद्र युवाओं को नियोक्ताओं की जरूरत के अनुसार प्रशिक्षित करेंगे।
इससे नियोक्ता और कर्मचारी के बीच की खाई को पाटने में मदद मिलेगी। यह बात निगमायुक्त एवं उपायुक्त टीएल सत्यप्रकाश ने सोमवार को कौशल विकास केंद्र के उद्घाटन के अवसर पर कही। यह केंद्र नगर निगम द्वारा महरोली रोड़ पर नवज्योति कॉरपोरेट सोल्यूशन के माध्यम से शुरू किया गया है।
सत्यप्रकाश ने कहा कि आज कुशल व्यक्तियों की बहुत अधिक जरूरत है। नगर निगम केंद्र सरकार द्वारा संचालित कौशल विकास मिशन का लाभ अधिक से अधिक युवाओं तक पहुंचाने के लिए प्रयासरत है।
पहले चरण में नगर निगम द्वारा 14 कौशल विकास केंद्र शुरू किए गए हैं, जिनमें लगभग 450 युवक-युवतियों को विभिन्न 18 ट्रेडों में प्रशिक्षित किया जाएगा।
केंद्रीय श्रम एवं रोजगार मंत्रालय की ओएसडी एम. लता गौतम ने कौशल विकास मिशन के बारे में जानकारी दी। संयुक्त निगमायुक्त विवेक कालिया ने कहा कि निगम द्वारा स्थापित इन कौशल विकास केंद्रों में युवाओं को प्रशिक्षण प्रदान करके उन्हें विभिन्न कंपनियों में रोजगार भी उपलब्ध करवाया जाएगा।
इस मौके पर नव ज्योति कॉरपोरेट सोल्यूशन के संचालक गुरशरण खुराना, पूर्व प्राचार्य डॉ. अशोक दिवाकर ने युवाओं को कौशल विकास मिशन से जुड़ने का आह्वान किया।
कार्यक्रम में सिटी प्रोजेक्ट ऑफिसर महेंद्र सिंह, पूर्व प्राचार्य डॉ. अशोक दिवाकर, मास्टर ट्रेनर पूजा सहित विभिन्न ट्रेडों में प्रशिक्षण प्राप्त करने आए युवक-युवतियां मौजूद थे।
इन ट्रेडो में मिलेगा प्रशिक्षण
संयुक्तायुक्त ने बताया कि इन केंद्रों में सोलर रिन्यूएबल एनर्जी, हॉस्पिटेलिटी, बीपीओ (नॉन वाइस), सिलाई मशीन ऑपरेटर, डोमेस्टिक बायोमैट्रिक डाटा ऑपरेटर, एम्ब्रॉयडरी एंड स्टिचिंग, इलैक्ट्रिशियन, वेल्डिंग, कारपेंटर, रिंग फ्रेम डोफर, ऑटो कॉर्नर टेंटर, हेल्थ, जनरल ड्यूटी असिस्टेंट टेलीकॉम (एंड्रोयड डवलपर्स), टेलीकॉम एंड आईटी, डी-लिंक आईटी आदि ट्रेडों में प्रशिक्षण दिया जाएगा। इनके प्रशिक्षण की अवधि तीन माह है।