जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय कैंपस में छात्र संघ चुनाव लिंगदोह कमेटी की सिफारिशों के तहत ही होगा। कैंपस में छात्रसंघ चुनाव को लेकर तेरह घंटे तक चली जनरल बॉडी मीटिंग में छात्रों ने यह फैसला लिया है।
इसी के तहत जल्द ही चीफ इलेक्शन कमीशन का गठन होगा और मौजूदा छात्रसंघ को भंग किया जाएगा। बैठक में छात्रसंघ चुनाव लिंगदोह कमेटी की सिफारिश या फिर जेएनयू छात्रसंघ संविधान से करवाया जाए का मुद्दा छाया रहा है।
इसके अलावा आइसा के सदस्य द्वारा रेप मामले पर भी छात्र संगठनों के बीच नोकझोंक होती रही। जेएनयू छात्रसंघ के संयुक्त सचिव सौरभ शर्मा के मुताबिक, मंगलवार रात दस बजे से बुधवार सुबह 11 बजे तक जनरल बॉडी की मीटिंग चली।
बैठक के अंत में बुधवार को प्रस्ताव में आखिर सभी छात्र संगठन ( वामपंथी, एनएसयूआई, एबीवीपी) एक प्लेटफार्म पर आए और छात्रसंघ चुुनाव लिंगदोह कमेटी की सिफारिशों के तहत करवाने पर सहमति बन गई।
बैठक में छात्रों की मांग थी कि चुनाव किस प्रकार से करवाया जाए। इस पर बुधवार रात को वोटिंग करवाई जाए। हालांकि बाद में लिंगदोह के तहत चुनाव करवाने पर फैसला हुआ। सौरभ के मुताबिक, बैठक में आइसा के सदस्य द्वारा रेप मामला भी छाया रहा। हालांकि रेप मामले को दबाने का निंदा प्रस्ताव भी लाया गया।