दिल्ली विश्वविद्यालय में स्थायी शिक्षकों की नियुक्ति व प्रमोशन के लिए फॉर्मूला तय हो गया है। सौ अंकों के फॉर्मूले में पच्चीस-पच्चीस अंक एकेडमिक व रिसर्च के लिए होंगे। वहीं तीस अंकों में बीस अंक शिक्षण अनुभव, दस अंक डोमेन नॉलेज के लिए तय किए गए हैं।
जबकि बीस अंकों का साक्षात्कार होगा। दरअसल, बीते माह डीयू कुलपति व एकेडमिक काउंसिल के चेयरमैन प्रो. योगेश कुमार त्यागी ने इस मामले में एक विस्तारित कमेटी (सब कमेटी) गठित की थी। इस कमेटी की बैठक में ही इस फॉर्मूले को रखा गया। जहां कमेटी के सदस्यों ने इसे पास कर दिया।
कमेटी के एक सदस्य के मुताबिक अब डीयू में स्थायी शिक्षकों की नियुक्ति व प्रमोशन का रास्ता साफ हो गया है। मंगलवार को हुई कमेटी की बैठक में 17 सदस्यों ने नियुक्ति व प्रमोशन का फॉर्मूला तय कर इसे पास कर दिया। अब इस फॉर्मूले को आगामी एकेडमिक काउंसिल की बैठक में रखा जाएगा।
शिक्षकों के नियुक्ति व प्रमोशन को लेकर यूजीसी के चौथे संशोधन के तहत कुलपति की ओर से बनाई गई एडहॉक कमेटी की सिफारिशों को नवंबर के अंत में हुई विद्वत परिषद (एकेडमिक काउंसिल) की बैठक में पास होना था। एडहॉक कमेटी द्वारा जो सिफारिश की गई थीं।
उस पर शिक्षकों को आपत्ति थी। इसमें शिक्षकों की नियुक्ति के लिए 50 अंक एकेडमिक रिकार्ड व रिसर्च, 30 अंक डोमेन नॉलेज व शिक्षण अनुभव, और 20 अंक साक्षात्कार के रखे गए। इन पर आपत्ति के बाद कुलपति ने एक विस्तारित कमेटी बनाने को मंजूरी दी। इस कमेटी में छ सदस्यों को शामिल कर बीते 6 दिसंबर को इसकी अधिसूचना जारी की गई। सदस्यों के जुड़ने के बाद 17 सदस्यीय सब-कमेटी की पहली बैठक मंगलवार को हुई। जिसमें फॉर्मूले को तय कर पास किया गया।