दिल्ली विश्वविद्यालय के नॉन कॉलिजिऐट वूमेन एजुकेशन बोर्ड में पहले दिन ही 90 फीसदी से अधिक अंक पाने वाली 20 छात्राओं ने दाखिला लिया है। अक्सर देखने में आता है कि इतने अंक पाकर विद्यार्थी डीयू के रेगुलर कॉलेज में ही दाखिला लेना पंसद करते हैं, लेकिन एनसीवेब में इतने अंक लेने वालों का दाखिला हैरान करने वाला है। एनसीवेब अधिकारियों का मानना है कि अब यहां भी क्वालिटी आने लगी है।
दिल्ली विश्वविद्यालय केएनसीवेब में शुक्रवार को पहली कट ऑफ जारी होते ही शनिवार को दाखिला प्रक्रिया की शुरुआत हो गई है। एनसीवेब की निदेशक डॉ अंजू गुप्ता ने बताया कि पहले दिन ही जिस तरह से 90 फीसदी से अधिक अंक पाने वाली 20 छात्राओं ने दाखिला लिया है वह काफी अच्छा संकेत है।
इससे साफ है कि एनसीवेब की लोकप्रियता अब बढने लगी है। यह माना जाता है कि यहां सिर्फ 60 से 70 फीसदी अंक वाली छात्राएं ही दाखिला लेती हैं।
उन्होंने बताया कि पहले दिन की दाखिला प्रक्रिया केतहत 26 दाखिला सेंटरों पर लगभग 500 दाखिले हो गए। फीस की प्रक्रिया को अब यह छात्राएं पूरा कर लेंगी। बीते साल पहले केमुकाबले में इस साल दाखिला लेने की रफ्तार थोड़ी तेज है। प्रशासन मान रहा है कि सोमवार व मंगलवार को दाखिले की रफ्तार तेज हो जाएगी।
ज्यादा सीटें इन्हीं दोनों दिनों में भरने की संभावना है। रेगुलर कॉलेजों में दाखिले के लिए छात्रों की प्राथमिकता बीकॉम कोर्स रहते हैं लेकिन एनसीवेब में बीए प्रोग्राम में ज्यादा छात्राएं दाखिला ले रही हैं।