केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) से संबंद्ध स्कूलों को बच्चों के बोर्ड परीक्षा के प्रवेश पत्र रोकना महंगा पड़ सकता है। सीबीएसई ने स्कूलों को एफिलिऐशन बॉयलॉज का हवाला देते हुए ऐसा नहीं करने के लिए चेताया है।
प्रवेश परीक्षा के संबंध में स्कूलों को एडवायजरी भी जारी की है। दरअसल, कुछ स्कूल 10वीं व 12वीं के प्री-बोर्ड में अच्छा प्रदर्शन नहीं करने को आधार बनाकर प्रवेश पत्र देने से मना कर रहे हैं। वहीं प्रवेश पत्र जारी करने केलिए पैसे भी वसूलने की शिकायतें आ रही हैं।
बोर्ड का कहना है कि स्कूलों को बोर्ड परीक्षा नियमों का पालन करना जरूरी है। यदि स्कूल प्रवेेश पत्र नहीं दे रहे हैं तो यह परीक्षा नियमों के खिलाफ है। गौरतलब है कि देशभर में सीबीएसई की बोर्ड परीक्षाएं पांच मार्च से शुरू होने जा रही है।
इसके लिए बोर्ड ऑनलाइन प्रवेश पत्र जारी कर चुका है। इसे ऑनलाइन डाउनलोड कर बच्चों को देने की जिम्मेदारी स्कूलों की है। बोर्ड ने स्पष्ट किया है कि परीक्षा एफिलिऐशन बायलॉज के नियम 15 के अनुसार, स्कूल प्रवेश पत्र जारी करने से रोक नहीं सकते हैं।
साथ ही वह योग्य विद्यार्थियों को परीक्षा में बैठने से नहीं रोक सकते हैं। स्कूल की ओर से योग्य विद्यार्थियों की जो सूची भेजी गई थी, उसी के अनुसार बोर्ड ने प्रवेश पत्र जारी किए हैं। स्कूलों को कहा गया है कि उन्हें एफिलिऐशन बॉय लॉज का पालन सख्ती से करना ही होगा।