आर्य कन्या इंटर कॉलेज में हाई स्कूल की परीक्षा देतीं छात्राए ।
हरियाणा शिक्षा बोर्ड की 10 वीं एवं 12 वीं की परीक्षाओं में अब बायोमेट्रिक मशीनों के माध्यम से विद्यार्थियों की हाजिरी लगाई जाएगी। इसके लिए बोर्ड ने योजना बनाने पर कार्य शुरू कर दिया है। बोर्ड परीक्षाओं में नकल को रोकने के लिए पहली बार डिजिटल तकनीक का इस्तेमाल किया जाएगा। वर्ष 2018 की परीक्षा में विद्यार्थी आधार बेस्ड बायोमैट्रिक हाजरी के जरिये परीक्षा केंद्र में प्रवेश करते नजर आएंगे।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के डिजिटल इंडिया अभियान के माध्यम से बोर्ड परीक्षाओं को पारदर्शी बनाने की कवायद पर कार्य हो रहा है। हालांकि स्कूल, कॉलेज के साथ कार्यालय में बायोमैट्रिक मशीनों से हाजरी लगाने का कार्य पहले से चल रहा है। वर्ष 2018 की परीक्षा में कई अहम कदम उठाने पर विचार चल रहा है।
हरियाणा बोर्ड परीक्षा को नकलरहित बनाने के लिए कई कड़े कदम उठाए गए। उसके बावजूद नकल माफिया के हौंसले बुलंद नजर आए। हालांकि बोर्ड ने इस बार विद्यार्थियों को पहचान पत्र, आधार कार्ड लेकर पहुंचने, केंद्र के प्रत्येक विद्यार्थी की जांच करने के निर्देश दिए थे। उसके बावजूद नकल के मामले सामने आने पर बोर्ड नई व्यवस्था को योजनाबद्ध ढंग से लागू करने पर विचार कर रहा है।
10वीं एवं 12वीं बोर्ड की परीक्षा में अक्सर यह सामने आता है कि परीक्षार्थी के बजाय कोई ओर इस परीक्षा में शामिल हो जाता है। ऐसे में बोर्ड परीक्षाओं में पारदर्शिता नहीं रह जाती है। बायोमेट्र्रिक हाजरी से अन्य व्यक्तियों के परीक्षा केंद्र में बैठने पर रोक लगेगी।