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झूठे निकले बिल्डर्स के वादे, बायर्स को ना पजेशन मिला ना पैनल्टी

Sun, 23 Oct 2016 12:06 AM IST
आशुतोष/अमर उजाला, नोएडा
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- फोटो : अमर उजाला
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एक छोटा सा आशियाना खरीदने के लिए बायर्स ने अपने जीवन की गाढ़ी कमाई बिल्डर को देने से पहले काफी हद तक बिल्डरों पर पूरा विश्वास किया। अंत में नतीजा यह निकला कि बिल्डर बायर्स को समय पर पजेशन तक नहीं दे पाए और फ्लैट की पूरी कीमत वसूल ली।
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जिन बायर्स को देर पजेशन मिला, उन्हें बिल्डरों ने पैनल्टी भी नहीं दी। जबकि फ्लैट बुकिंग के समय पजेशन की देरी होने पर बायर्स को पैनल्टी देने का वादा किया था। इन फ्लैटों की बुकिंग 2009-2010 में हुई थी।

अभी तक ज्यादातर बिल्डर बायर्स को पजेशन नहीं दे पाए हैं। पजेशन ना मिलने की वजह से बायर्स दोहरी मार झेल रहे हैं। अब बायर्स के पास पजेशन जल्द से जल्द मिलने की केवल आस बची है।
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मगर यह आस कब पूरी होगी। इसका अंदाजा बायर्स को भी नहीं है। बताते चलें कि नोएडा एक्सटेंशन में करीब 100 बिल्डर प्रोजेक्ट चला रहे हैं जो कि तीन साल से लेकर सात साल तक लेट हैं।

दिया था पैनल्टी का झांसा
नोएडा एक्सटेंशन में बिल्डरों ने 2009-2010 में अधिकांश प्रोजेक्ट लांच किए थे। इससे पहले कई बिल्डरों के प्रोजेक्ट गाजियाबाद के राजनगर एक्सटेंशन चल रहे थे। राजनगर एक्सटेंशन में आई मनी से बिल्डरों ने नोएडा एक्सटेंशन में अपने प्रोजेक्ट लॉन्च किए थे। इस दौरान बिल्डरों ने बायर्स से वादा किया था कि अगर उन्हें समय पर पजेशन नहीं दिया तो वे बायर्स को पैनल्टी देंगे।

5 रुपए प्रति स्क्वायर फीट देनी थी पैनल्टी
बिल्डरों ने बायर्स को पांच रुपए प्रति स्क्वायर फीट पैनल्टी प्रति साल देने का वादा किया था। मगर अब पैनल्टी देने की बात तो दूर बायर्स को पजेशन ही नहीं मिल रहा। इसकी शिकायत बायर्स ग्रेनो प्राधिकरण में भी कई बार कर चुके हैं। मगर अभी तक कोई हल नहीं निकल पाया है।

करीब एक लाख बायर्स का पैसा फंसा
ग्रेनो वेस्ट में चल रहे बिल्डर प्रोजेक्ट में करीब एक लाख लोगों का अरबों रुपए बिल्डर फंसा चुके हैं। ग्रेनो वेस्ट में करीब 100 बिल्डर प्रोजेक्ट चल रहे हैं। इनमें नामचीन बिल्डर भी शामिल हैं।

ग्रेनो वेस्ट की लोकेशन को देखते हुए फ्लैट बुक किया था। उस दौरान बिल्डर ने पैनल्टी देने का वादा किया था। मगर अभी तक पजेशन ही नहीं मिला है।
-प्रीत भार्गव, बायर गौड़ सिटी

साल 2009-10 में मैने फ्लैट बुक किया था। 36 महीने में मुझे पजेशन मिलना था। मगर अभी मार्च तक पजेशन मिलने की उम्मीद भी नहीं है। साथ ही बिल्डर पैनल्टी भी नहीं दे रहा है।
-इंद्रीश गुप्ता, नेफोमा

नाम ना छापने की शर्त पर ग्रेनो प्राधिकरण के अधिकारियों ने बताया कि पैनल्टी और समय पर पजेशन मिलने की बात बिल्डर और बायर्स के बीच हुई थी। इसमें प्राधिकरण थर्ड पार्टी नहीं बन सकता। अगर बिल्डर अपने वादे से मुकर रहे हैं तो बायर्स को कोर्ट जाना चाहिए। शिकायत होने पर प्राधिकरण और फ्लैट खरीदारों को विवाद सुलझाने के लिए कहा जाता है।
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