अतिरिक्त मुख्य मेट्रोपॉलिटन मजिस्ट्रेट (एसीएमएम) प्रियंका राजपूत के समक्ष पेश आरोपियों ने पूछने पर अपना अपराध स्वीकार करने से इनकार करते हुए स्वयं को बेकसूर बताते हुए मुकदमे का सामना करने का तर्क रखा। सह-आरोपी और डब्ल्यूएफआई के पूर्व सहायक सचिव विनोद तोमर के खिलाफ आपराधिक धमकी का आरोप भी तय किया गया है।
कोर्ट से बाहर आने पर पत्रकारों के सवालों के जवाब देते हुए बृजभूषण शरण सिंह ने कहा कि मेरे ऊपर अभी चार्ज फ्रेम हुआ, जो आरोप लगाए गए हैं उसे अब पुलिस को साबित करना है। मेरे पास अपनी बेगुनाही के पूरे सबूत हैं। उनकी टिकट काटे जाने को लेकर किए गए एक सवाल पर बृजभूषण ने कहा कि मेरे बेटे टिकट मिल गया है।