पंजाब रोडवेज की बस में बैठकर चंडीगढ़ जा रहे एक व्यक्ति के साथ करीब सात-आठ व्यक्तियों ने मंगलवार की रात को बस रुकवाकर मारपीट की। आरोपियों ने गन प्वाइंट पर उसकी जेब से दस हजार रुपए भी निकाल लिए।
बस चालक ने जब इसका विरोध किया तो हमलावरों ने देशी कट्टे के बट से उस पर हमला कर घायल कर दिया। पुलिस मामले की छानबीन में जुटी है।
जांच अधिकारी ने बताया कि राठियावास गांव मेवात निवासी विक्र्तम सिंह के बेटे ने करीब तीन माह पहले गांव के ही विनयपाल की बेटी से कोर्ट मैरिज की थी।
लड़की के घर वाले शादी के खिलाफ थे और उन्होंने कोर्ट में एक याचिका डाल दी कि लड़के के घरवालों ने उसकी बेटी को मार दिया है या फिर उसकों कहीं गायब कर दिया है।
जबकि हाइकोर्ट के आदेश पर तावडू के थानाधिकारी लड़के व लड़की दोनों को हाइकोर्ट में पेश कर दिया था और दोनों पुलिस प्रॉटेक्शन में रह रहे हैं। इसी संबंध में विक्र्तम सिंह की 24 दिसंबर को हाइकोर्ट में पेशी थी।
23 दिसंबर की रात को वह चंडीगढ़ जाने के लिए धारूहेड़ा से अपनी मौसी के लड़के के साथ पंजाब रोडवेज की बस में जा रहे थे। रास्ते में पचगांव चौक के पास दो स्कॉर्पियों गाड़ी में से एक के चालक ने गाड़ी बस के आगे लगा दी और दूसरी गाड़ी बस के पीछे लगा दी।
गाड़ी में उतरे राठियावास निवासी व लड़की के परिजन मनोज, अमरपाल, विजयपाल व अजयपाल तथा अन्य लोग बस में घुस कर विक्र्तम सिंह के साथ मारपीट करने लगे और देशी कट्टे के बल पर उसकी जेब में रखे दस हजार रुपए निकाल लिए।
बस के चालक ने जब इसका विरोध किया तो पिस्टल के बट से उसके भी सिर में वार कर घायल कर दिया और उसका मोबाइल लेकर फरार हो गए। मानेसर थाना पुलिस मारपीट व लूट का मामला दर्ज कर छानबीन करने में जुटी है।