चुनावों में लगातार जीत का परचम फहरा रहे बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह के प्रबंधन को सराहा जा रहा है। यही वजह है कि उनके प्रबंधन की विधा को किताब में पिरोया गया है। दिल्ली पुस्तक मेले में डायमंड बुक्स के स्टॉल पर 'आज का चाणक्य' और 'मैनेजमेंट गुरु अमित शाह' की टाइटल वाली किताब भी उपलब्ध है। इसे राकेश गुप्ता ने लिखा है।
डायमंड बुक्स स्टॉल के सेल्समैन ने बताया कि इस किताब के बारे में लोग पूछ रहे है। बिक्री को बहुत ज्यादा तो नहीं, लेकिन पूछने वालों की संख्या अधिक है।
उम्मीद के विपरीत रविवार को पुस्तक प्रेमियों की भीड़ प्रगति मैदान नहीं पहुंची। इससे प्रकाशक मायूस दिखे और फेडरेशन ऑफ पब्लिशर्स बैकफुट पर। हालांकि, पुस्तक मेले में पहले दिन (शनिवार) की तुलना में रविवार को ज्यादा पुस्तक प्रेमी पहुंचे। इसमें सबसे ज्यादा अभिभावक थे, जो बच्चों को लिए खेल-खेल में पढ़ाई वाली किताबें ढूंढते मिले।
प्रकाशकों को उम्मीद थी कि पहला दिन बीत जाने के बाद रविवार की छुट्टी पर लोगों की संख्या में इजाफा होगा, लेकिन उम्मीद के मुताबिक वीकेंड पर भी पुस्तक प्रेमियों की संख्या कम रही। गाजियाबाद के इंदिरापुरम से आईं प्रीति अपने बेटी के लिए किताबें ढूंढ़ रहीं थीं। प्रीति के अनुसार, इस बार मेले में स्कूल एजुकेशन की किताबों का विकल्प तो है लेकिन बीते साल के मुकाबले कम।
वहीं, एफआईपी से जुड़े प्रदीप छाबड़ा ने माना की इस बार स्कूल एजुकेशन की किताबों से जुड़े प्रकाशकों की संख्या बीते साल की तुलना में कम हैं। कारण सरकार स्कूल एजुकेशन में निजी प्रकाशकों को तरजीह न देकर एनसीईआरटी की किताबें पढ़ाने पर जोर दे रही है।