विधानसभा भंग होने के बाद बुधवार को भाजपा ने प्रदेश कार्यालय में उच्चस्तरीय बैठक बुलाई। इसमें आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर चर्चा की गई।
बैठक में पार्टी नेताओं से कांग्रेस और आम आदमी पार्टी की पोल सकारात्मक तरीके से खोलने पर विशेष ध्यान देने की बात कही गई। साथ ही आम आदमी पार्टी के होर्डिंग का करारा जवाब देने को कहा गया।
नेताओं को निर्देश दिया गया कि वे 49 दिन की ‘आप’ सरकार का रिकॉर्ड एकत्र करें। इसके बाद मीडिया के सामने चुन-चुन कर तथ्यों के साथ ‘आप’ को बेनकाब किया जाए। बैठक में अराजकता के कारण रुके विकास से जनता को अवगत कराने का भी निर्णय लिया गया।
बैठक के बाद सांसद रमेश बिधूड़ी ने बताया कि पार्टी ने नकारात्मक प्रचार से बचने का निर्णय लिया है। पार्टी सकारात्मक प्रचार के साथ चुनाव में उतरेगी।
'केजरीवाल से ज्यादा सिसोदिया को तरजीह'
उधर, प्रदेश प्रभारी प्रभात झा की अध्यक्षता में मीडिया टीम की बैठक हुई। इसमें तय किया गया कि आगामी चुनाव में जनता के बीच प्रचार के लिए सोशल मीडिया, थ्रीडी टेक्नोलॉजी के प्रयोग के अलावा मोदी सरकार की उपलब्धियों के बारे में लोगों को बताया जाए। साथ ही महंगाई दर में आई कमी जैसे मुद्दों को लेकर प्रचार किया जाए।
प्रदेश अध्यक्ष सतीश उपाध्याय ने मीडिया टीम को निर्देश दिया कि सकारात्मक एजेंडे पर स्वच्छ बहस होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि नकारात्मक प्रचार करके ही केजरीवाल अपनी राजनीतिक प्रासांगिकता खो चुके हैं। संगठन तक बिखर चुका है।
पार्टी के विधायक मनीष सिसोदिया को ज्यादा तरजीह देते हैं। उन्हें केजरीवाल से ज्यादा राजनीतिक रूप से सबल माना जाने लगा है। बैठक में पूर्व प्रदेश अध्यक्ष प्रो. विजय कुमार मल्होत्रा, विजेंद्र गुप्ता, विजय गोयल, सांसद मीनाक्षी लेखी, महेश गिरी, डॉ. उदित राज, प्रवेश वर्मा समेत कई वरिष्ठ नेता शामिल हुए।