इसके अलावा टीम के समक्ष आने वाली दिक्कतों का समाधान भी बताया जाएगा। नए संगठन के कामकाज की प्रमुख तौर पर बागडोर पोलिंग बूथ की टीम के कंधों पर होगी। टीम को निरंतर अपने इलाके की जनता से तालमेल बनाना होगा।
पार्टी आलाकमान ने नए संगठन में उन सभी नेताओं को जिम्मेदारी देने का निर्देश दिया है जो हाशिए पर हैं और पार्टी संगठन में पद नहीं मिला है। इनमें खास तौर पर पूर्व पार्षदों को तवज्जो देने की सलाह दी गई है, क्योंकि गत वर्ष टिकट नहीं दिए जाने से अधिकतर पार्षद नाराज हैं और वह पार्टी गतिविधियों से दूरी बनाए हुए हैं।
भाजपा के अधिकतर पूर्व पार्षद घर बैठे हुए हैं। उनको जिला, विस और मंडल स्तर पर संयोजक बनाया जाएगा।