किसान आंदोलन को लेकर बैक फुट पर दिख रही भाजपा ने एक बार फिर इस कानून की विशेषता बताने के लिए कमर कस ली है। राजनीतिक मोर्चे पर भाजपा पूरे दमखम के साथ दिल्ली देहात में चार दिवसीय अभियान शुरू करेगी। ताकि विपक्षी दलों द्वारा किसान कानून को लेकर गिनाई जा रही कमियों को दूर किया जा सके। प्रदेश भाजपा के अभियान में राष्ट्रीय भाजपा नेता भी शामिल होंगे।
केंद्रीय नेतृत्व से सुझाव लेने के बाद प्रदेश भाजपा मंगलवार से कृषि सुधार कानूनों की विशेषता से अवगत कराएगी। दिल्ली के किसानों को बताया जाएगा कि सीमा पर चल रहे किसानों का प्रदर्शन देशभर के किसानों को गुमराह करने वाला है। केंद्र सरकार का कृषि सुधार कानून ऐतिहासिक निर्णय है। इस अभियान का प्रमुख दिल्ली विधानसभा नेता प्रतिपक्ष रामवीर सिंह बिधूड़ी को बनाया गया है। प्रदेश भाजपा किसान मोर्चा अध्यक्ष विनोद सहरावत अभियान के सह-प्रमुख होंगे। इसके साथ ही प्रदेश भाजपा के कई नेताओं को जिम्मेदारी सौंपी गई है।
बिधूड़ी ने बताया कि इस विशेष अभियान के तहत दिल्ली में कुल 16 बड़े सम्मेलनों का आयोजन किया जाएगा। चौपाल बैठकों के माध्यम से भी किसानों से संवाद किया जाएगा। उन्होंने बताया कि इन सम्मेलनों को दिल्ली भाजपा के अलावा पार्टी के राष्ट्रीय नेता भी संबोधित करेंगे। राष्ट्रीय स्तर के नेता चौपाल के माध्यम से भी बताएंगे कि किसानों को इस कानून से क्या फायदा होने वाला है।
नेता प्रतिपक्ष ने कहा केंद्र द्वारा बनाए गए नए कृषि कानून किसानों की जीवन में खुशहाली लेकर आएंगे। केंद्रीय गृह मंत्री व कृषि मंत्री शंकाओं का समाधान कर दिया है। एमएसपी जारी रहेगी, मंडियों का विस्तार किया जाएगा। विवाद की स्थिति में किसान के सामने अदालतों में जाने का विकल्प भी खुला रहेगा। अपील की कि किसानों को आंदोलन वापस लेकर घर लौट जाना चाहिए।