- अस्पताल और क्लीनिक का चक्कर लगाने के बजाय आयुर्वेद की सरल पद्धतियों से घर बैठे रख सकते हैं अपने आपको स्वस्थ
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। सर्दियों का मौसम धीरे-धीरे खत्म हो रहा है और अब वसंत और ग्रीष्म ऋतु की तरफ बढ़ रहा है। मौसम बदलते ही लोगों में सर्दी, जुकाम, बुखार और वायरल जैसी बीमारियां बढ़ने लगी हैं। ऐसे में अस्पताल और क्लीनिक का चक्कर लगाने के बजाय आयुर्वेद की सरल पद्धतियों से घर बैठे स्वस्थ रहा जा सकता है। अखिल भारतीय आयुर्वेद संस्थान के निदेशक प्रो. वैध प्रदीप कुमार प्रजापति ने बताया कि बदलते मौसम में सर्दी, जुकाम और वायरल फीवर के मामले बढ़ते हैं। ऐसे में कुछ आयुर्वेदिक उपाय अपनाकर खुद को स्वस्थ रखा जा सकता है।
डॉक्टर के अनुसार सबसे पहले हाइजीन का ध्यान रखना बहुत जरूरी है यानी हाथ धोना और साफ-सफाई बनाए रखना। अगर बुखार या कमजोरी महसूस हो रही हो तो पर्याप्त आराम करें और गर्म पानी पिएं। आयुर्वेदिक दवाओं जैसे सुदर्शन धनवटी और सुदर्शन चूर्ण को रोजाना सुबह और शाम लेने से शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता मजबूत होती है और वायरल संक्रमण से बचाव होता है। वसंत के मौसम में हल्का काढ़ा पीने से शरीर में गर्मी बनी रहती है और संक्रमण कम होता है।
प्रो. प्रजापति ने कहा कि आयुर्वेदिक दवाओं से बुखार और कमजोरी जल्द दूर होती है और शरीर को एनर्जी मिलती है। मलेरिया और टाइफायड जैसी बीमारियों से बचाव के लिए मच्छरदानी का प्रयोग करना चाहिए।