आईजीआई एयरपोर्ट थाना पुलिस ने फर्जी शेंगेन वीजा के जरिए दो यात्रियों को स्वीडन भेजने का प्रयास करने वाले गुजरात के एजेंट को दिल्ली से गिरफ्तार किया है। पासपोर्ट पर फर्जी वीजा मिलने के बाद दोनों यात्रियों को आईजीआई एयरपोर्ट पर पकड़ा गया था। पुलिस ने यात्रियों के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया था। गिरफ्तार एजेंट की पहचान वडोदरा गुजरात निवासी कमलकांत सुरेश बाबू झा (22) के रूप में हुई है।
आईजीआई एयरपोर्ट की अतिरिक्त पुलिस आयुक्त उषा रंगनानी ने बताया, 20 मई की रात दो यात्री होशियारपुर निवासी तरनवीर सिंह और गगनदीप इटली जाने के लिए आईजीआई एयरपोर्ट पहुंचे। यात्रा दस्तावेज की जांच के दौरान इमिग्रेशन अधिकारियों ने पाया कि इनके पासपोर्ट पर नकली शेंगेन वीजा चिपका हुआ है। फर्जी दस्तावेज के जरिए विदेश जाने की कोशिश करने पर इन्हें पुलिस के हवाले कर दिया गया। पुलिस ने इनके खिलाफ फर्जीवाड़ा का मामला दर्ज कर गिरफ्तार कर लिया।
पूछताछ में यात्रियों ने बताया, वह चचेरे भाई हैं। उनके कुछ रिश्तेदार स्वीडन में रहते हैं। वह भी बेहतर आजीविका के लिए स्वीडन जाना चाहते थे। एक रिश्तेदार के जरिए वह एजेंट लल्ली उर्फ रविंदर सिंह से मिला। जिसने 31 लाख में रोम के रास्ते स्वीडन भेजने का आश्वासन दिया। एजेंट ने अपने सहयोगियों की मदद से फ्लाइट टिकट और शेंगेन वीजा की व्यवस्था की।
वह उन्हें दिल्ली के महिपालपुर में एक होटल में ठहराया। फिर सहयोगी की मदद से हवाई अड्डा पहुंचाया। पूछताछ में पता चला कि कमलकांत सुरेश बाबू झा एजेंट अहमदाबाद में यात्रियों से मिलता था और स्वीडन वीजा के लिए उनके बायोमेट्रिक पंजीकरण और दस्तावेज बनाने में मदद करता था।
पुलिस ने एजेंटों की तलाश शुरू की। पुलिस ने लल्ली के ठिकानों पर दबिश दी, लेकिन वह नहीं मिला। इसी बीच पुलिस ने इनके एक सहयोगी अभिनेश सक्सेना को दिल्ली से गिरफ्तार कर लिया। वह यात्रियों को महिपालपुर के होटल में ठहराने में शामिल था। पुलिस टीम ने कमलकांत सुरेश बाबू झा को शुक्रवार को दिल्ली में गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में उसने बताया कि 2023 में वह गुजरात स्थित एजेंटों के संपर्क में आया।
जो जाली दस्तावेजों का इस्तेमाल करके लोगों को विदेश भेजने में शामिल थे। उसने कमीशन के आधार पर उनके साथ काम करना शुरू किया। बाद में वह पंजाब के एजेंट लल्ली उर्फ रविंदर सिंह के संपर्क में आया। उसने अन्य एजेंटों की मदद से यात्रियों के लिए नकली स्वीडन वीजा की व्यवस्था की। पुलिस इस फर्जीवाड़े में शामिल अन्य आरोपियों की तलाश कर रही है।