- बारिश के दौरान होने जा रहे सेशन के हंगामेदार होने की आशंका, विपक्ष जलभराव समेत दूसरी बुनियादी सुविधाओं पर उठाएगा सवाल, सत्ता पक्ष सीएजी रिपोर्ट से घेरेगी
नई दिल्ली। विधानसभा का तीन दिवसीय मानसून सत्र शुक्रवार से शुरू होने जा रहा है। दिल्ली सरकार तीन बिल सदन से पेश करेगी। इसमें पब्लिक सर्विस की समय-सीमा के भीतर डिलीवरी, दिल्ली अर्बन शेल्टर इम्प्रूवमेंट बोर्ड और बेड-एंड-ब्रेकफास्ट एस्टेब्लिशमेंट शामिल हैं। वहीं, दो सीएजी रिपोर्ट भी सदन के पटल पर रखी जाएगी। यह सेशन हंगामेदार होने की आशंका है। विपक्ष जल भराव, लक्ष्मी योजना समेत दूसरी नागरिक सुविधाओं पर सरकार को कटघरे में खड़ा करेगा। जबकि सत्ता पक्ष विधायी बदलावों समेत आप सरकार के दौरान आई सीएजी रिपोर्ट से विपक्ष को घेरेगी।
विधानसभा की बिजनेस एडवाइजरी कमेटी ने सर्वसम्मति से तीन दिवसीय सत्र के लिए विधायी एजेंडा तय किया है। इसमें वित्त विभाग भी संभाल रहीं मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता दो सीएजी रिपोर्ट पेश करेंगी। यह 31 मार्च, 2023 को समाप्त हुए दिल्ली सरकार के खातों पर और 2024-25 के लिए राजधानी के राज्य वित्त पर है। वहीं, ऊर्जा मंत्री आशीष सूद डीईआरसी रेगुलेशन से जुड़े नोटिफिकेशन और सुधार पेश करेंगे। उधर, पेश किए जाने वाले विधेयकों में सबसे अहम दिल्ली के नागरिकों को समयबद्ध तरीके से सेवाओं को उपलब्ध कराने से जुड़ा है। वहीं, दिल्ली अर्बन शेल्टर इम्प्रूवमेंट बोर्ड एक्ट में बदलाव के लिए विधेयक आएगा। तीसरा बिल बेड एंड ब्रेकफास्ट सेवाओं को खत्म करने के लिए आएगा।