पुलवामा हमले के शहीदों की याद में उन्हें श्रद्धांजलि देते हुए मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने बृहस्पतिवार को होली न खेलने का फैसला लिया है। हालांकि, इसे मुख्यमंत्री का निजी फैसला बताया जा रहा है। केजरीवाल के इस फैसले का दिल्ली सरकार, आम आदमी पार्टी और उसके नेताओं से कोई लेना देना नहीं है।
दिल्ली सरकार के प्रवक्ता नागेंद्र शर्मा ने ट्वीट कर यह जानकारी दी। उन्होंने बताया है कि मुख्यमंत्री होली महोत्सव का आयोजन नहीं करेंगे। पुलवामा आतंकी हमले के शहीदों की याद में उन्होंने होली न मनाने का फैसला लिया है। यह उनका निजी फैसला है।
उधर पार्टी पदाधिकारियों का कहना है कि होली न खेलने के फैसले को निजी बताकर मुख्यमंत्री ने साफ किया है कि पार्टी का कोई दूसरा नेता, सरकार का कोई मंत्री होली खेलना चाहे तो उस पर कोई पाबंदी नहीं है।
माना जा रहा है कि चुनाव प्रचार में उतरे प्रत्याशियों को पार्टी स्तर पर इस तरह के निर्देश से दिक्कत आती। वजह यह कि इस समय अलग-अलग इलाकों में होली मिलन समारोह होता है, जहां बड़ी संख्या में लोगों से मुलाकात हो जाती है। पार्टी केंद्रीय स्तर पर यह फैसला करती तो नेताओं को खासी दिक्कत आती।