गणतंत्र दिवस के मौके पर शुक्रवार को आयोजित दिल्ली सरकार के कार्यक्रम में मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने बिना नाम लिए केंद्र सरकार पर हमला बोला। केजरीवाल ने कामकाज में बाधा पहुंचाने को देश के साथ विश्वासघात करार दिया। इसकी तुलना उन्होंने ब्रिटिश काल में अंग्रेजों की मदद करने वाले भेदियों से की।
छत्रसाल स्टेडियम में आयोजित कार्यक्रम में अरविंद केजरीवाल ने कहा कि स्वतंत्रता संग्राम के दौरान हमारे बीच के लोग देशभक्तों के खिलाफ जाकर अंग्रेजों के लिए जासूसी करते थे। आज दिल्ली में अपने लोग ही ऐसा कर रहे हैं। केजरीवाल ने सवाल किया कि बच्चों के लिये स्कूल बनाता हूं तो क्या गलती है, इस काम को भी रोका जा रहा है।
मोहल्ला क्लीनिक बनाने में अड़ंगे लगाए जा रहे हैं। हम देशभक्ति का काम कर रहे हैं, लेकिन इसे भी करने नहीं दिया जा रहा। दिल्ली सरकार ने शहीद सिपाहियों को एक करोड़ रुपये की सम्मान राशि देने की योजना बनाई, तो इसे भी रोका गया। यह सब देश के साथ गद्दारी नहीं है तो क्या है।
केजरीवाल ने बताया कि उनकी सरकार में जल्द ही संविधान को पढ़ाई का हिस्सा बनाया जा रहा है। इसके साथ ही बेरोजगारी की समस्या से निपटने के लिए स्कूलों में उद्यमिता की क्लास लगाई जाएंगी। इससे स्कूल से निकलने के बाद बच्चे नौकरी मांगने नहीं, अपना रोजगार शुरू कर नौकरी देने वाले बनेंगे।
तिरंगा फहराया
इससे पहले मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने 70वें गणतंत्र दिवस के अवसर पर राजकीय समारोह में तिरंगा फहराया। इस अवसर पर दिल्ली पुलिस, दिल्ली फायर सर्विस, सिविल डिफेंस, एनसीसी, डीडीएमए व स्कूली बच्चों की टुकड़ियों से गार्ड ऑफ ऑनर लिया। साथ ही बेहतर सेवाओं के लिए तिहाड़ जेल के कई अधिकारियों को सम्मानित किया। समारोह में स्कूली बच्चों ने रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम भी प्रस्तुत किए।