दिल्ली पुलिस की आर्थिक अपराध शाखा ने सरकारी इकाई आईएफसीआई फैक्टर लिमिटेड को करीब सवा चार करोड़ रुपये चूना लगाने के आरोप में इवीनिक्स इंडस्ट्रीज लिमिटेड के एमडी राकेश गुप्ता और पूर्व एमडी कृष्ण मुरारी गुप्ता को गिरफ्तार किया है। दोनों आरोपी भाई हैं। पुलिस आरोपियों से पूछताछ कर रही है।
शाखा के अतिरिक्त आयुक्त शुभाशीष चौधरी ने बताया कि वर्ष 2016 के दिसंबर माह में आईएफसीआई फैक्टर लिमिटेड ने इवीनिक्स इंडस्ट्रीज लिमिटेड के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज कराया। जांच में पता चला कि इवीनिक्स इंडस्ट्रीज ने आईएफसीआई से वर्ष 2010 में फर्जी दस्तावेज के जरिए लोन लिया था। इसके लिए कंपनी ने फर्जी इनवॉयस और ट्रांसपोर्ट बिल लगाए थे।
बिल एशियन रिर्सोसेज लिमिटेड कंपनी की गारंटी पर दिया गया था। बाद में लोन की रकम चुकता नहीं करने पर सूरत सरकारी इकाई कंपनी का घाटा 6.38 रुपये तक पहुंच गया। इसके बाद लोन को एनपीए के दायरे में डाल दिया गया। इस सूचना के बाद पुलिस ने एशियन रिर्सोसेज और इवीनिक्स इंडस्ट्रीज कंपनियों की जांच की।
जांच में पता चला कि कंपनियों को दो सगे भाई राकेश और कृष्ण मुरारी चलाते हैं। पुलिस ने दोनों आरोपी भाइयों को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में खुलासा हुआ है कि शिकायतकर्ता कंपनी से लोन की रकम मिलने के बाद रकम को एशियन रिर्सोसेज कंपनी के खाते से इवीनिक्स इंडस्ट्रीज कंपनी के खाते में डाल दिया था।