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मात्र 80 सेकेंड में उड़ा लेते थे कोई भी लग्जरी कार, करते थे ब्लू टूथ डिवाइस का इस्तेमाल

Sun, 05 Aug 2018 12:20 AM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
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प्रतीकात्मक तस्वीर
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कारों में जिन कामों के लिए बड़ी-बड़ी वर्कशॉप में घंटों लग जाते हैं, उसे गैंग चंद मिनटों में कर दिया करता था। गैंग के सदस्य मोहसिन ने बताया कि वह करीब 80 सेकेंड में किसी भी कंप्यूटराइज कार को अपने उपकरणों की मदद से अनलॉक कर सकता है। आरोपी ने बताया कि किसी भी कार को चोरी करने के लिए वह सबसे पहले कार के छोटे शीशे को तोड़कर दरवाजा खोल लेते हैं। उसके बाद ईसीएम, डीसीएम और बीसीएम की मदद से लॉक सिस्टम क्रेक कर देते हैं। कुछ आधुनिक कंप्यूटराइज कारों को अनलॉक करने के लिए गैंग ब्लू टूथ डिवाइस का इस्तेमाल करता था। आरोपियों ने पुलिस को एक स्विफ्ट कार करीब एक मिनट में अनलॉक कर स्टार्ट कर दिखाई।

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फॉरच्यूनर कार उड़ाने पर मिलते थे 1.50 लाख
मोहसिन ने बताया कि कई वर्ष पूर्व मेरठ से दिल्ली अपने साथी अशफाक के साथ कार स्टीरियो चोरी करने आता था। उसने करीब 1500 से अधिक स्टीरियो चोरी किए। उसकी मुलाकात मेरठ के गुड्डू से हुई। गुड्डू ने उसे कार चोरी करने के बदले मोटी रकम देने की बात कही। मोहसिन ने उमरूद्दीन, असलम, गुलफाम और शहजाद के साथ मिलकर कारें चोरी करना शुरू कर दिया। कारों की चाबियां, लॉक सिस्टम की मदद से इनोवा, फॉरच्यूनर और महंगी लग्जरी कारों को यह मिनटभर में चोरी कर लेते थे। 

कार चोरी करते समय इनको पता था कि कहां से अलार्म बजेगा, पहले यह उसके ही तार काट दिया करते थे। कार चोरी करने के बाद यह कोरियर लड़कों को सौंप देते थे। इसके बाद इन्हे कार चोरी की रकम मिल जाती थी। फॉरच्यूनर के बदले इनको 1.50 लाख, इनोवा के 70 हजार और स्विफ्ट के बदले 55 हजार मिलते थे। कोरियर कार गुड्डू तक ले जाते थे। जिसके बदले उनको भी रकम मिलती थी। कार को गुड्डू ही ठिकाने लगाता था। 

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