दिल की बनावट, वाॅल्व और रक्त प्रवाह की जांच में मिलेगी मदद, मरीजों को बेहतर इलाज मिलने की उम्मीद
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। दिल की बीमारी से जूझ रहे मरीजों की जांच और इलाज को बेहतर बनाने के लिए अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स), नई दिल्ली में जल्द आधुनिक पोर्टेबल ईकोकार्डियोग्राफी मशीन आएगी। इसके लिए करीब 1.5 करोड़ रुपये का टेंडर जारी किया गया है। मशीन से डॉक्टरों को दिल की स्थिति समझने और इलाज संबंधी निर्णय लेने में मदद मिलेगी।
ईकोकार्डियोग्राफी में अल्ट्रासाउंड की मदद से दिल की तस्वीरें तैयार की जाती हैं। वहीं, कलर डॉप्लर तकनीक से दिल और रक्त वाहिकाओं में खून के प्रवाह का आकलन किया जाता है। इससे दिल के वाल्व में खराबी, हृदय की पंप करने की क्षमता में कमी और रक्त प्रवाह से जुड़ी समस्याओं की पहचान करने में मदद मिलती है।
पोर्टेबल मशीन से जांच होगी सुविधाजनक
मशीन की खासियत इसका पोर्टेबल होना है। इसे जरूरत के अनुसार अस्पताल के अलग-अलग स्थानों पर ले जाया जा सकेगा। इससे उन मरीजों की जांच में सुविधा मिल सकती है, जिन्हें दूसरे विभाग या जांच केंद्र तक ले जाना मुश्किल होता है। मशीन की खरीद और स्थापना के बाद जांच सुविधाओं का विस्तार होने की उम्मीद है। हालांकि, प्रतीक्षा समय में कितनी कमी आएगी, यह मशीन की उपलब्धता, उपयोग और अस्पताल की व्यवस्थाओं पर निर्भर करेगा।