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संदीप एंकाउंटरः एनकाउंटर करने वाली सेल में पसरा सन्नाटा

Fri, 19 Feb 2016 05:55 PM IST
मयंक तिवारी/अमर उजाला, गुड़गांव
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प्रदेश के मोस्ट वांटेड अपराधी संदीप गाड़ौली का जिस अपराध शाखा की टीम ने मुंबई में एनकाउंटर किया है, उस शाखा में सन्नाटा पसरा हुआ है।
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एनकाउंटर टीम को कटघरे में खड़ा करने पर पुलिस प्रकोष्ठ के कर्मी परेशान रहे, मगर सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद उनका मनोबल बढ़ा है। प्रकोष्ठ के लोगों को अपनी टीम के वापस आने का इंतजार है। पेश है अमर उजाला की लाइव रिपोर्ट।

समय-12 बजे
स्थान- सेक्टर 10, सीआईए स्पेशल सेल का गेट
गेट पर सन्नाटा पसरा हुआ है। गेट बंद है। भीतर लांगरी सहित चार लोग हैं। इस प्रकोष्ठ में 14 लोग हैं। आठ लोग मुंबई एनकांटर में गए हैं। बीते 15 दिन से छह लोग ही सेल में हैं। वह भी अदालती कामों का निबटारा करने में लगे हैं। सेल के लोगों की मानें तो रात में गश्त कर लेते हैं।
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तीन दिन तक लांगरी ने नहीं बनाया था खाना
गैंगस्टर संदीप गाड़ौली के एनकाउंटर के बाद सीआईए 10 की स्पेशल सेल में एक बार खुशी का माहौल था। उसके बाद परिजनों की ओर से उन्हें कटघरे में खड़ा करने के बाद सन्नाटा पसर गया। हाईकोर्ट मुंबई का आदेश आने के बाद सेल में तीन दिन तक खाना नहीं बना था।

एनकाउंटर की नगरी में घुसकर मुकाबला करने का है फक्र
देश में मुंबई पुलिस सबसे अधिक एनकाउंटर करती है। प्रकोष्ठ के लोगों की मानें तो मुंबई में 40 साल बाद ऐसा हुआ है कि बाहर की पुलिस ने जाकर बदमाश का एनकाउंटर किया है। इस बात पर उनका सीना चौड़ा हो जाता है।

14 साल में पहला एनकाउंटर किया प्रकोष्ठ ने
साइबर सिटी के विकास के बाद 14 साल पहले पुलिस ने सीआईए स्पेशल सेल का गठन किया था। इसके पास सिटी, सेक्टर 10, सेक्टर पांच व फर्रुखनगर थाना क्षेत्र आते हैं। सेल का गठन होने के बाद से पहली बार इतने दिनों के लिए पुलिस टीम बाहर गई है। अभी तक की छानबीन के दौरान ज्यादा से ज्यादा एक सप्ताह के लिए टीम बाहर गई हुई है।
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28 हत्या करने वाले सीरियल किलर गिरोह का खुलासा कर चुकी है प्रकोष्ठ
चौदह साल पहले खुले प्रकोष्ठ ने दिसंबर 2006 में सीरियल किलर गिरोह का खुलासा किया था। बोहड़ाकलां के रहने वाले नौ लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेजा था। इसमें दो नाबालिगों को तीन साल की सजा हुई थी। जबकि छह लोग आजीवन कारावास की सजा काट रहे हैं। गिरोह के लोग सवारी के रूप में बैठा कर हत्या के बाद लूट लेते थे। उनकी ओर से 28 हत्या की वारदात कबूली थी।
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