दिल्ली के मुंडका में रहने वालों के लिए शुद्ध ताजी हवा एक सपने की तरह है और इसकी वजह है वहां के उद्योगों से निकलने वाले कूड़े को खुले में जलाया जाना। एनजीटी द्वारा दिल्ली सरकार पर 25 करोड़ का जुर्माना लगाए जाने के ठीक एक दिन बाद ही मुंडका में खुले में कूड़ा जलाकर एक बार फिर नियमों की धज्जियां उड़ाई गईं।
टाइम्स ऑफ इंडिया में छपी खबर के अनुसार मंगलवार को मुंडका में खुले में कूड़ा जलते देखा गया जिससे जहरीला धुआं निकल रहा था। उस धुएं की वजह से सांस लेना मुश्किल हो रहा था और आंखों में जलन भी हो रही थी।
स्थानीय लोगों का कहना है कि मुंडका में स्थित उद्योग अपने यहां से निकलने वाले कूड़े का निस्तारण करने के लिए रात में कूड़े में आग लगा देते हैं ताकि उन्हें परेशान भी न होना पड़े।
उद्योगों से निकलने वाले कचरे का छोटा पहाड़ मुंडका मेट्रो स्टेशन के पीछे भी पड़ा हुआ।