एक साल बाद हुआ गिरफ्तार
करीब एक साल तक आरोपी पुलिस को चका देता रहा। इस बीच अदालत ने उसे भगोड़ा भी घोषित कर दिया। अब करीब एक साल बाद दिल्ली पुलिस की अपराध शाखा ने उसे गाजियाबाद के साहिबाबाद से गिरफ्तार किया है। पकड़े गए आरोपी की पहचान गांव सत्यवान बुजुर्ग, सदर, शाहजहांपुर, यूपी निवासी प्रेमपाल (34) के रूप में हुई है।
ससुर को पीछे से मारी थी गोली
अपराध शाखा के पुलिस उपायुक्त विक्रम सिंह ने बताया कि 18 मार्च 2024 को सीलमपुर के गौतमपुरी में दिलेराम नामक व्यक्ति को गोली मारने की खबर मिली। पुलिस मौके पर पहुंची तो पता चला कि दिलेराम के दामाद प्रेम पाल ने पीछे से उसे गोली मारी और फरार हो गया। दिलेराम को अस्पताल में भर्ती कराया गया।
ऐसे दिया पुलिस को चकमा
पुलिस ने हत्या के प्रयास का मामला दर्ज कर छानबीन शुरू की। इस बीच दो माह बाद दिलेराम की मौत हो गई। प्रेमपाल लगातार पुलिस को चकमा देता रहा। अदालत ने 6 जून 2024 को उसे भगोड़ा घोषित कर दिया। पुलिस से बचने के लिए प्रेमपाल ने मोबाइल फोन, सोशल मीडिया और बैंक का इस्तेमाल नहीं किया।
इस वजह से मारी गोली
लोकल पुलिस के अलावा अपराध शाखा की टीम उसकी तलाश करती रही। इस बीच टीम को पता चला कि वह साहिबाबाद आने वाला है। पुलिस ने शनिवार को उसे दबोच लिया। पूछताछ के दौरान आरोपी ने बताया कि उसकी शादी को आठ साल हो गए थे। उसकी पत्नी मायके वालों के कहने पर चलती थी।
ससुर-साले ने की थी पिटाई
अक्सर दोनों के बीच विवाद होता था। एक दिन उसके ससुर और साला घर पहुंचे और उसकी पिटाई की। बाद में वह अपनी बेटी को भी साथ ले गए। प्रेम पाल ने तीनों की हत्या की योजना बनाई। उसने एक पिस्टल व तीन गोलियों का इंतजाम किया। तीनों गोलियों पर पत्नी, ससुर और साले का नाम लिखा।
तीनों को मारने गया था, मिला सिर्फ ससुर
वारदात वाले दिन वह तीनों की हत्या के इरादे से ससुराल पहुंचा था। वहां न तो पत्नी और न ही साला वहां मिला। वह ससुर को गोली मारकर फरार हो गया। अब पुलिस आरोपी से पूछताछ कर वारदात में इस्तेमाल पिस्टल बरामद करने का प्रयास कर रही है।