आम आदमी पार्टी और उसके संयोजक अरविंद केजरीवाल इन दिनों अपने राजनीतिक जीवन के सबसे बुरे दौर से गुजर रहे हैं। इस वक्त न सिर्फ अरविंद केजरीवाल की लोकप्रियता अपने निचले स्तर पर है बल्कि उनकी विश्वसनियता पर सवाल किए जाने लगे हैं।
ऐसे में बृहस्पतिवार को आम आदमी पार्टी ने 26 अप्रैल को आए एमसीडी चुनाव के नतीजों पर मंथन के लिए आज बैठक बुलाई। इस बैठक में आप ने अपनी पार्टी लाइन(ईवीएम पर दोषारोपण) से अलग जाते हुए चुनाव के नतीजों पर चर्चा की जिसमें एक बड़ी दिलचस्प बात निकलकर सामने आई।
पार्टी में हुए मंथन के बाद यह निकलकर सामने आया कि यूपी चुनाव में मिली बड़ी जीत के बाद पीएम मोदी का कद इतना बढ़ चुका है और इतना मजबूत हो चुका है कि किसी के लिए भी उनसे लड़ना बेहद मुश्किल है, यहां तक कि केजरीवाल के लिए भी।