दिल्ली में विधानसभा चुनाव की तैयारी में जुटी आम आदमी पार्टी (आप) की खास नजर दिल्ली के मुस्लिम मतदाताओं पर है। मुस्लिम वोटर को जोड़ने में पार्टी को बड़ा फायदा दिख रहा है।
फिलहाल रणनीति दिल्ली की छह मुस्लिम बहुल सीटों पर कब्जा करने की बनाई जा रही है। सूत्र बताते हैं कि इन सीटों पर मुसलमान उम्मीदवार को उतारने की तैयारी है।
थोड़ी सहूलियत लोकसभा चुनावों में पड़े वोटों के रुझानों से मिली है। सभी सीटों पर पार्टी ने कांग्रेस पर बढ़त बनाई, जबकि तीन सीटों पर सबसे ज्यादा वोट मिले थे।
AAP की ओर बढ़े मुस्लिम वोटर
दिल्ली विधानसभा चुनाव में पार्टी ने छह मुस्लिम उम्मीदवार उतारे थे, लेकिन मुस्तफाबाद व बाबरपुर सीट शामिल नहीं थीं।
दूसरी तरफ कांग्रेस ने सभी मुस्लिम उम्मीदवार ऐसी सीटों से उतारे थे, जहां मुसलमान वोट निर्णायक रहता है। कांग्रेस के चार उम्मीदवार जीते, जबकि एक सीट जदयू को मिली। वहीं, बाबरपुर पर भाजपा ने कब्जा किया था।
हालांकि, पार्टी मान रही है कि विधानसभा चुनाव के बाद से दिल्ली की सियासी तस्वीर में काफी बदलाव आया है। बड़ी संख्या में मुस्लिम मतदाता आप के पक्ष में आए हैं।
पार्टी नहीं चाहती कोई रिस्क
लोकसभा चुनाव के आंकड़े भी बताते हैं कि इन सीटों पर आप ने कांग्रेस पर अच्छी बढ़त ली है। फिर भी, पार्टी कोई जोखिम नहीं लेना चाहती।
हालांकि इस बारे में आधिकारिक तौर पर कोई बोलने का तैयार नहीं। मुस्लिम सेल से जुड़े पार्टी नेता इरफान उल्लाह ने सिर्फ इतना भर कहा कि सारी संभावनाएं खुली हैं। पार्टी मजबूत उम्मीदवार को ही टिकट देगी।