हाईकोर्ट ने स्पष्ट कर दिया कि कोऑपरेटिव सोसायटी में एक फ्लैट मालिक एक ही कार की पार्किंग का हकदार है। एक से ज्यादा कार रखने वाला दूसरी पार्किंग के लिए कानूनी तौर पर दावा नहीं कर सकता। अदालत ने उक्त टिप्पणी के साथ चार कार पार्किंग का दावा करने वाले अनूप मित्तल नामक व्यक्ति की याचिका खारिज करते हुए उस पर एक लाख रुपये जुर्माना भी ठोंक दिया।
न्यायमूर्ति गीता मित्तल व न्यायमूर्ति आईएस मेहता की खंडपीठ ने कहा कि याची ने कार पार्किंग को कानूनी अधिकार का मुद्दा बनाकर यह मामला दायर किया है।
उसने चार कारों की पार्किंग मांगी है जबकि सोसायटी एक्ट में एक फ्लैट मालिक को एक कार पार्किंग का प्रावधान किया गया है। यदि जगह है तो अतिरिक्त शुल्क देकर पार्किंग का प्रावधान है। याची चार कारों की पार्किंग मांग रहा है और इसके लिए 318 वर्गमीटर जगह चाहिए जो करोड़ों की है।
अदालत ने कहा कि याची ने बहुमूल्य न्यायिक समय नष्ट किया है और याचिका बिना आधार की है। ऐसे में उस पर एक लाख रुपये जुर्माना किया जाता है। उसे इस राशि को पटपड़गंज स्थित कानूनगो कोऑपरेटिव ग्रुप सोसायटी, उसके अध्यक्ष, महासचिव, कोषाध्यक्ष व दिल्ली सरकार को समान रूप से अदा करने होंगे।