दिल्ली में बढ़ते वायु प्रदूषण को लेकर एक नौ साल की एक बच्ची ने विरोध प्रकट किया है। समाचार एजेंसी एएनआई के अनुसार नौ साल की लिसिप्रिया कंगुजम ने दिल्ली में वायु प्रदूषण को लेकर विजय चौक पर विरोध-प्रदर्शन किया।
हालांकि पर्यावरण एक्टिविस्ट के रूप में लिसिप्रिया कंगुजम नया नाम नहीं हैं। वह पहले कंगुजम का नाम मैड्रिड में हुए संयुक्त राष्ट्र जलवायु सम्मेलन 2019 के लिए सुर्खियों में आया था, जहां उन्होंने संबोधन दिया था।
कंगुजम ने कहा कि मैं चाहती हूं नेता वायु प्रदूषण के खिलाफ कुछ ठोस कदम उठाएं। इस मामले में वे बस एक-दूसरे के खिलाफ बोलते रहते हैं, कोई कारगर काम नहीं करते। उन्होंने ये भी कहा कि प्रदूषण खतरनाक स्तर पर पहुंच चुका है। बच्चे अपने घरों से नहीं निकल सकते हैं। मैं बच्चों के स्वास्थ्य को लेकर बहुत चिंतित हूं।
जब कंगुजम से दिल्ली के प्रदूषण से जुड़ा एक सवाल किया गया तो वह बोलीं, 'पेट्रोल और डीजल कारों के अलावा पंजाब और हरियाणा का पराली जलाना वायु प्रदूषण का बड़ा कारण है।'
कंगुजम ने अपने हाथ में एक बैनर ले रखा था। उस पर लिखा था,
"दिल्ली का अब घुटता दम है, लोगों ने शुरू कर दी बातें हैं, नेता अब आरोप लगा रहे हैं, फिर भी अब तक नहीं हो रही कोई कार्रवाई है! 60 लाख बच्चे हर साल मर रहे हैं, हमें अब चाहिए परमानेंट उपाय। दिल्ली के प्रदूषण से हमारी जिंदगी बचाओ। पर्यावरण परिवर्तन को लेकर कड़े कदम उठाओ। कार्रवाई करो, कार्रवाई करो, कार्रवाई करो। पर्यावरण बचाने के लिए ये है बच्चों का आंदोलन।"
बता दें कि लिसिप्रिया का जन्म 2 अक्तूबर 2011 को मणिपुर में हुआ था। वह भारतीय बाल पर्यावरण कार्यकर्ता है। कंगुजम को 2019 में डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम चिल्ड्रेन बाल शांति पुरस्कार और इंडिया पीस प्राइज से भी नवाजा जा चुका है। इतनी छोटी उम्र में कंगुजम का यह प्रदर्शन बेहद प्रेरणादायी है।