दिल्ली की सड़कों पर करीब 50 फीसदी बसों का ही परिचालन होगा। हालांकि, सभी रूटों पर यात्रियों को जरूरी कार्य के सिलसिले में आने-जाने के लिए डीटीसी और क्लस्टर की बसें संचालित होंगी।
मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने बताया कि मेट्रो का परिचालन पूरी तरह बंद हैं। ऐसे में सभी बसें बंद करने से दिल्लीवालों को बड़ी समस्या हो सकती थी। बेहद जरूरी होने पर भी लोग बाहर नहीं निकल पाते। सरकार ने 50 फीसदी बसें बंद करने का फैसला किया है।
दूसरी तरफ दिल्ली मेट्रो, बसों, ऑटो, कैब समेत अन्य साधनों की भी रोजाना सैनिटाइज किया जा रहा है, ताकि संक्रमण के खतरे को रोका जा सके। जनता कर्फ्यू के दौरान दिल्ली की सड़कों पर करीब 2800 बसें संचालित होंगी।
यात्रियों की सेहत की सुरक्षा के लिहाज से सभी एहतियात पहले से बरते जा रहे हैं। डीटीसी प्रवक्ता बीआर मिन्हास और डीआईएमटीएस के आलाधिकारी सीके गोयल ने भी 50 फीसदी बसों के संचालन की पुष्टि की है।
बता दें कि आज मेट्रो सेवा पूरी तरह बंद रहेगी। इसके बाद सोमवार को भी सुबह और शाम चार-चार घंटे ही चलाई जाएगी। सुबह 6 से 8 बजे के बीच चुनिंदा तो 8 से 10 बजे के बीच हर किसी की मेट्रो में इंट्री रहेगी। दिन में 10 से 4 बजे के बीच मेट्रो बंद रहेगी। 4 से 8 बजे के बीच दोबारा मेट्रो का संचालन होगा। इसके बाद फिर सेवा बंद कर दी जाएगी। मेट्रो अधिकारियों का कहना है कि फिलहाल यह सोमवार का प्लान है। आगे यदि जरूरत पड़ेगी तो इसी प्लान को लोगों के हित में लागू कर दिया जाएगा।
मेट्रो प्रशासन के मुताबिक, सुबह 6 बजे से दो घंटे के लिए पुलिस, अस्पताल, बिजली और अग्निशमन कर्मियों को यात्रा का मौका दिया गया है। इस दौरान मेट्रो में प्रवेश करने के लिए उन्हें अपना पहचान पत्र दिखाना होगा। 8 से 10 बजे के दौरान प्रत्येक सोमवार की तरह की नियमित अंतराल पर मेट्रो की सेवाएं उपलब्ध रहेंगी।