समाजवादी पार्टी ने राजस्थान के अलवर जिले में कथित गौरक्षों के हमले का शिकार हुए मेवात निवासी पहलू के परिजनों के 20 लाख रुपये का मुआवजा और परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी देने की प्रदेश सरकार से मांग की है। पार्टी पदाधिकारियों ने इस घटना को हैवानियत करार दिया है।
प्रेस को जारी बयान में सपा के प्रदेश अध्यक्ष सुरेंद्र सिंह भाटी एडवोकेट ने कहाकि राज्य सरकार गांव जयसिंगपुर मेवात निवासी पहलू खान के परिजनों को कम से कम 20 लाख रूपये का मुआवजा व किसी एक परिजन को सरकारी नौकरी प्रदान करे।
उन्होंने कहाकि देश की जनता को गुमराह करने व तथ्यों को तोडने मरोडने के लिए केंद्रीय मंत्री मुख्तार नकवी के खिलाफ भी मुकदमा दर्ज होना चाहिए। कानून हाथ में लेकर गुंडागर्दी कर रहे कथित गौ रक्षकों के खिलाफ सरकार व प्रशासन तुरंत कड़ी कार्रवाई करे ताकि भविष्य में किसी अन्य के साथ अनावश्यक मारपीट व जान लेने जैसी घटना न हो।
भाटी ने कहा कि जहां जहां भाजपा की सरकारें गठित हो गयी हैं वहां कानून व्यवस्था का दीवाला निकल गया है। सत्तारूढ़ दल की शह पर असामाजिक तन्व अपने आपको कानून से ऊपर समझने लगे हैं। निर्दोष पहलू खन का सरेआम कत्ल इस बात का जीता जागता उदहारण है।
उस व्यक्ति के पास गाय खरीदने का अनुमति पत्र होने के बावजूद कथित गौरक्षकों हैवानियत कभ नंगा नाच खेला। उन्होंने कहाकि ये घटना सभी जाति व धर्म के लिए शर्मशार करने वाली है। इसकी जितनी निंदा की जाए कम है।