दिल्ली सरकार ने राजधानी में कोरोना मरीजों की बढ़ती संख्या को देखते हुए 20 हॉटस्पॉट सील कर दिए हैं। उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने बुधवार को उच्चस्तरीय बैठक के बाद कहा, इन इलाकों में किसी को आने-जाने की अनुमति नहीं होगी। सरकार जरूरी वस्तुओं की आपूर्ति सुनिश्चित करेगी। उन्होंने कहा कि यह कदम राजधानी में कोरोना के बढ़ते मरीजों को देखते हुए उठाया गया है।
स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, इन इलाकों की 14 अप्रैल तक मॉनिटरिंग होगी। अगर 13 अप्रैल तक केस सामने आते रहे तो लॉकडाउन की अवधि दो सप्ताह बढ़ाई जा सकती है। इस बीच कोई मामला नए इलाके से नहीं आता तो लॉकडाउन आगे नहीं बढ़ाया जाएगा। प्रभावित इलाकों को छोड़कर बाकी जगहों पर रोजमर्रा का जीवन पटरी पर लौट सकता है। स्वास्थ्य अधिकारियों ने कहा, राजस्थान के भीलवाड़ा की तर्ज पर इलाकों को सील किया गया है। स्वास्थ्य विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया, लॉकडाउन तीसरे सप्ताह में चल रहा है। इसे आगे बढ़ाने या न बढ़ाने का फैसला लेने का समय है।
24 घंटे में 93 नए मरीज, सभी जमाती
कोरोना संक्रमित 93 नए मरीज बुधवार को राजधानी में सामने आए। ये सभी तब्लीगी जमात से जुड़े हैं। इन्हें निजामुद्दीन स्थित मरकज से निकालने के बाद अलग क्वारंटीन केंद्रों पर रखा गया था। इसके साथ कुल मरीजों की संख्या 669 हो गई है। इनमें 426 जमात से जुड़े हैं। दिल्ली के स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, नए मरीजों अलग-अलग अस्पतालों में भर्ती कराया गया है। अब 1051 लोग अस्पतालों में भर्ती हैं, जिनमें 558 कोरोना संक्रमित हैं। इनमें से 28 आईसीयू में और छह वेंटिलेटर पर हैं। इनकी हालत गंभीर है। अभी भी 847 सैंपल की रिपोर्ट का इंतजार है। अब तक दिल्ली से 9332 सैंपल जांच के लिए भेजे गए हैं। इनमें से 7879 की रिपोर्ट मिल चुकी है। दिल्ली के 11 जिलों में 20 केंद्रों पर 2968 लोग क्वारंटीन हैं। करीब 17,500 लोग घर पर क्वारंटीन हैं।