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हरियाणा से 1343 लोग जाएंगे हज यात्रा पर, नूंह के लघु सचिवालय में ड्रॉ निकाला गया

Fri, 17 Mar 2017 02:13 PM IST
यूनुस अलवी/अमर उजाला, नूंह
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हज यात्रा - फोटो : demo pic
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इस साल हज यात्रा पर सऊदी अरब जाने वाले हाजियों का नूंह के लघु सचिवालय में ड्रॉ निकाला गया। हरियाणा हज कमेटी के सीईओ, हज कमेटी के सदस्य और हजारों आवेदनकर्ताओं कि देखरेख में ड्रॉ निकाला गया।
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ड्रॉ निकलने से कई लोग बेहद खुश नजर आए, तो कुछ का नंबर न आने पर उन्होंने इसे अल्लाह का फैसला मानकर दिल को सांत्वना देकर अगली बार फिर से आवेदन करने की बात कही।

हरियाणा हज कमेटी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी नवाब खान ने बताया कि इस साल हज यात्रा पर जाने के लिए प्रदेश को केवल 1343 हाजियों का कोटा मिला है। इसके लिए प्रदेश भर से कुल 4149 आवेदन प्राप्त हुए हैं।
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उन्होंने बताया कि हज कमेटी के अनुसार जो लोग लगातार 4 साल से आवेदन करते आ रहे हैं और उनका नंबर नहीं आ रहा है या फिर जिनकी आयु 70 साल या उससे अधिक है, उनका बिना ड्रॉ के ही चयन कर लिया गया है।

उन्होंने बताया कि उनके पास पिछले चार साल से आवेदन करने वालों की संख्या 691 है और 70 साल से अधिक आयु के 440 लोगों ने आवेदन किया है, जिसकी वजह से 1131 लोगों का ड्रॉ नहीं निकाला गया है।

बाकी 3018 आवेदनकर्ताओं में से 212 का ड्रॉ निकाला गया है। उन्होंने बताया कि 2806 लोगों को वोटिंग में रखा गया है। उन्होंने बताया कि पिछली बार हरियाणा के लिए केवल 1011 सीटें आरक्षित थीं, जो अब बढ़कर 1343 हो गई हैं।

उन्होंने बताया कि हाजियों की पहली फ्लाइट 25 जुलाई से शुरू हो रही है। जिन हाजियों का नंबर आ गया है वो अपनी पहली किस्त 81 हजार रुपये 13 अप्रैल, 2017 तक हरियाणा हज कमेटी में जमा करा दें।

जो आदमी किस्त जमा नहीं करेगा उसका आवेदन रद्द कर दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि हरियाणा के हाजियों को बेहतर सुविधा मिले, इसके लिए हरियाणा हज कमेटी का एक प्रतिनिधिमंडल 24 मार्च को सऊदी अरब जा रहा है।

बेहद खुश नजर आए
पिछले चार साल से हज यात्रा पर जाने के लिए आवेदन कर रहे गांव धकलपुर निवासी अब्दुल गफूर बेहद खुश नजर आए। वहीं हज यात्रा के लिए पहली ही बार आवेदन करने वाले अलावलपुर निवासी मोहम्मद मूसा का कहना है कि आज वो काफी खुश हैं, जो अल्लाह ने उनको पहली बार में ही कबूल कर लिया है। उनका कहना है कि हर मुसलमान कि तमन्ना है कि वह एक बार काबा शरीफ की हज करे, जिससे उसके गुनाह मुआफ हो सकें।
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