हाईकोर्ट में दायर समीक्षा याचिका में तौसीफ का दावा है कि वह इस युवा हाथी हेमा का वास्तविक मालिक है। हाथी पूरी तरह स्वस्थ है। वन विभाग से मिली अनुमति के आधार पर हाथी उसके पास रहा है।
रामनगर के निकट होटल से वन विभाग के अधिकारियों ने उसे गलत ढंग से कब्जे में लिया है। वन अधिकारियों के हाथी को कब्जे में लेने की कार्रवाई को याची ने पहले भी हाईकोर्ट में चुनौती दी थी, लेकिन कोर्ट ने उसकी याचिका को खारिज कर दिया था। इसके चलते समीक्षा याचिका दायर की गई है।